Jharkhand: झारखंड सरकार ने राज्य की स्वास्थ्य प्रणाली को जड़ से मजबूत करने के लिए एक महत्वाकांक्षी योजना को हरी झंडी दी है। राज्य के सभी जिलों और विधानसभा क्षेत्रों में 203.35 करोड़ रुपये की लागत से 245 ब्लॉक पब्लिक हेल्थ यूनिट का निर्माण किया जाएगा। इस पहल का सीधा उद्देश्य शहर से लेकर सुदूर गांवों तक विश्वस्तरीय स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाना है।
हर ब्लॉक में होगी अपनी लैब और त्वरित जांच
स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने इस योजना की रूपरेखा साझा करते हुए बताया कि इन यूनिट्स का निर्माण केवल बुनियादी ढांचा खड़ा करना नहीं, बल्कि एक सक्रिय स्वास्थ्य तंत्र बनाना है। सटीक डाटा और त्वरित रिस्पांस,बीपीएचयू के माध्यम से बीमारियों का सटीक डाटा संग्रह होगा, जिससे किसी भी महामारी या स्वास्थ्य संकट के समय सरकार तुरंत कार्रवाई कर सकेगी।
आधुनिक लैब की सुविधा, प्रत्येक यूनिट के साथ एक ब्लॉक पब्लिक हेल्थ लैब स्थापित की जाएगी। इससे ग्रामीणों को छोटी-बड़ी जांच के लिए अब जिला अस्पतालों या निजी लैब के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे।
वंचित और आदिवासी क्षेत्रों पर विशेष ध्यान
झारखंड की भौगोलिक स्थिति को देखते हुए यह योजना मील का पत्थर साबित हो सकती है। सरकार का मुख्य फोकस राज्य के आदिवासी, दूरदराज और वंचित क्षेत्रों पर है। इन इकाइयों को मौजूदा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों से जोड़ा जाएगा, जिससे एक एकीकृत नेटवर्क तैयार होगा।
जन-केंद्रित स्वास्थ्य प्रणाली का लक्ष्य
इस निवेश के साथ झारखंड अपनी स्वास्थ्य प्रणाली को अधिक संवेदनशील और जन-केंद्रित बनाने की दिशा में बढ़ रहा है। समय पर जांच और इलाज मिलने से न केवल मृत्यु दर में कमी आएगी, बल्कि गरीब परिवारों पर पड़ने वाला आर्थिक बोझ भी कम होगा।