Back to Top

Facebook WhatsApp Telegram YouTube Instagram
Push Notification

🔔 Enable Notifications

Subscribe now to get the latest updates instantly!

Jharkhand News26 – fastest emerging e-news channel.
  • 2026-04-04

BREAKING: टाटा स्टील को भारी-भरकम झटका, ITC का गलत लाभ लेने के आरोप में 890.52 करोड़ रुपये की वसूली का आदेश

BREAKING: देश की दिग्गज स्टील कंपनी टाटा स्टील (Tata Steel) के खिलाफ जमशेदपुर स्थित CGST के संयुक्त आयुक्त (Joint Commissioner) ने एक बेहद कड़ा आदेश दिया है. सीजीएसटी विभाग ने टाटा स्टील से सीधे 890.52 करोड़ रुपये वसूलने का आधिकारिक आदेश जारी कर दिया है. एडजुडिकेशन (न्यायनिर्णयन) की प्रक्रिया पूरी होने के बाद पारित किए गए इस आदेश में कंपनी पर “इनपुट टैक्स क्रेडिट” (ITC) का गलत तरीके से मोटा लाभ लेने के आरोपों को पूरी तरह सही पाया गया है. विभाग ने सीजीएसटी कानून की धारा 74 के तहत मूल रकम की वसूली के साथ-साथ धारा 50 के तहत इस पूरी भारी-भरकम राशि पर तगड़ा सूद (ब्याज) वसूलने का भी निर्देश दिया है.

कैग (CAG) की ऑडिट रिपोर्ट से खुला था राज
यह पूरा मामला देश की सर्वोच्च ऑडिट संस्था “भारत के नियंत्रक महालेखा परीक्षक” (CAG) की जांच से जुड़ा हुआ है. कैग ने बकायदा ऑडिट के दौरान टाटा स्टील द्वारा करोड़ों रुपये के इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) में हेरफेर का पर्दाफाश किया था. सीएजी की इसी सनसनीखेज रिपोर्ट के आधार पर सक्षम प्राधिकारी ने पहले कंपनी को 890.52 करोड़ रुपये का डिमांड नोटिस जारी किया था. इसके बावजूद टाटा स्टील ने इस टैक्स का भुगतान करने के बजाय मामले को एडजुडिकेशन में ले जाने का विकल्प चुना था. हालांकि, संयुक्त आयुक्त ने कंपनी की ओर से पेश किए गए तमाम दस्तावेजों और दलीलों को सिरे से खारिज करते हुए सीएजी की आपत्तियों को शत-प्रतिशत सही ठहराया है.

तीन वित्तीय वर्षों में इस तरह हुई करोड़ों की टैक्स हेराफेरी
कैग ने वित्तीय वर्ष 2018 से लेकर 2021 तक के तीन सालों के गहन ऑडिट में यह बड़ा टैक्स मिसमैच पकड़ा था. जांच के दौरान जब कंपनी के GSTR-3B और GSTR-2A के सरकारी आंकड़ों का आपस में मिलान किया गया, तो चौंकाने वाले आंकड़े सामने आए. वित्तीय वर्ष 2018-19 में कंपनी ने नियम विरुद्ध जाकर 149.10 करोड़ रुपये का अतिरिक्त फायदा लिया. इसी तरह, वित्तीय वर्ष 2019-20 में यह हेराफेरी सबसे बड़ी रही, जहां पात्रता न होने के बावजूद 421.04 करोड़ रुपये का गलत आईटीसी क्लेम किया गया. वहीं, वित्तीय वर्ष 2020-21 में भी कंपनी ने 320.37 करोड़ रुपये का अनुचित लाभ उठाया, जिससे यह कुल राशि लगभग 890.52 करोड़ रुपये तक पहुंच गई.
WhatsApp
Connect With WhatsApp Cannel !