Chaibasa News: चाईबासा के सारंडा वन क्षेत्र में बुधवार सुबह सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच आमने-सामने की भीषण मुठभेड़ हुई. छोटानागरा थाना अंतर्गत मारंग पोंगा और बालिबा गांव के बीच घने जंगलों में सुबह करीब 10 बजे फायरिंग शुरू हुई. सुरक्षाबलों की संयुक्त टीम को देख नक्सलियों ने मोर्चा खोल दिया, जिसके जवाब में जवानों ने भी ताबड़तोड़ कार्रवाई की. ग्रामीण क्षेत्रों में गोलियों की तड़तड़ाहट से पूरा इलाका दहशत में आ गया. सूत्रों के अनुसार, इस मुठभेड़ में 4 नक्सलियों के मारे जाने की प्रारंभिक सूचना है, हालांकि पुलिस ने अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है.
मिसिर बेसरा के दस्ते पर था पुलिस का निशाना
सुरक्षाबलों को पुख्ता इनपुट मिला था कि एक करोड़ का इनामी कुख्यात नक्सली नेता मिसिर बेसरा अपने दस्ते के साथ सारंडा के इस दुर्गम इलाके में छिपा हुआ है. इस दस्ते में मोछू, सागेन अंगारिया और अश्विन जैसे शीर्ष नक्सली भी शामिल थे. झारखंड पुलिस, सीआरपीएफ (CRPF) और कोबरा (CoBRA) के जवानों ने साझा रणनीति के तहत इलाके की घेराबंदी की थी. मुठभेड़ के दौरान सुरक्षाबलों के भी एक जवान के घायल होने की खबर है, जिसे बेहतर इलाज के लिए रेस्क्यू किया जा रहा है.
सर्च ऑपरेशन और अलर्ट जारी
मुठभेड़ थमने के बाद अब पूरे जंगल में बड़े पैमाने पर सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है. घटनास्थल से भारी मात्रा में विस्फोटक और हथियार बरामद होने की संभावना जताई जा रही है. चाईबासा पुलिस और सीआरपीएफ के आला अधिकारी पूरे ऑपरेशन की मॉनिटरिंग कर रहे हैं. नक्सलियों की संभावित वापसी या जवाबी हमले को देखते हुए आसपास के थानों और कैंपों को हाई अलर्ट पर रखा गया है. पुलिस का दावा है कि इस ऑपरेशन से नक्सलियों की कमर टूट गई है और जल्द ही विस्तृत ब्यौरा साझा किया जाएगा.