Dhanbad: कोयलांचल के केंदुआ क्षेत्र में भू-धंसान और जहरीली गैस के रिसाव ने एक बार फिर गंभीर स्थिति पैदा कर दी है। धनबाद-बोकारो-रांची मुख्य मार्ग पर हुए धंसान के दूसरे दिन गुरुवार को हालात और भी भयावह नजर आए, जब पुराने जीएम आवास की चारदीवारी पूरी तरह धंसकर जमीन में समा गई और उसी स्थान से भारी मात्रा में जहरीली गैस का रिसाव शुरू हो गया। इस घटना के बाद पूरे इलाके में डर और बेचैनी का माहौल बना हुआ है। स्थानीय लोगों का कहना है कि प्रशासन और बीसीसीएल की कार्यशैली को लेकर वे पहले से ही चिंतित थे, लेकिन इस ताजा घटना ने उनकी आशंकाओं को और गहरा कर दिया है।
खतरनाक स्तर पर पहुंची गैस, जानलेवा स्थिति
घटनास्थल पर गैस की तीव्रता की जांच करने पर जो आंकड़े सामने आए, वे बहुत चिंताजनक हैं। वर्तमान में गैस का स्तर 2047 PPM तक दर्ज किया गया है, जिसे विशेषज्ञ बहुत खतरनाक मानते हैं। बताया जा रहा है कि यह कार्बन मोनोऑक्साइड गैस है, जो मानव जीवन के लिए अत्यंत घातक होती है और थोड़ी सी मात्रा में भी गंभीर नुकसान पहुंचा सकती है। बता दें कि इस इलाके में दिसंबर 2025 से ही गैस रिसाव की समस्या बनी हुई है और अब तक इसकी चपेट में आकर चार लोगों की जान जा चुकी है, जिससे स्थिति की गंभीरता का अंदाजा लगाया जा सकता है।
प्रशासन की सुस्ती पर उठे सवाल
घटना के करीब 28 घंटे बीत जाने के बाद भी धनबाद जिला प्रशासन और बीसीसीएल प्रबंधन की ओर से सड़क को सुरक्षित करने या गैस रिसाव को नियंत्रित करने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाए जाने से स्थानीय लोगों में भारी नाराजगी देखी जा रही है। लोग लगातार प्रशासन से त्वरित और प्रभावी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं, ताकि किसी बड़े हादसे को रोका जा सके।