Jharkhand News: पश्चिमी सिंहभूम के गोइलकेरा थाना क्षेत्र में वन विभाग ने अवैध लकड़ी तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए साल लकड़ी से लदे ट्रक को जब्त किया और चालक को गिरफ्तार कर लिया. आरोपी के खिलाफ भारतीय वन अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है और पूरे नेटवर्क की जांच शुरू कर दी गई है.
गुप्त सूचना पर घेराबंदी, 44 बोटा साल लकड़ी बरामद
संतरा वन प्रक्षेत्र की टीम को सूचना मिली थी कि गोइलकेरा और चाईबासा के बीच जंगल से लकड़ी काटकर ट्रक के जरिए बिहार भेजी जा रही है. इसके बाद रात करीब एक बजे गोटांबा गांव के पास घेराबंदी कर ट्रक को रोका गया. जांच में उसमें साल के 44 बोटा लदे मिले, जिनकी अनुमानित कीमत 4 से 5 लाख रुपये आंकी गई. चालक कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका, जिसके बाद ट्रक को जब्त कर लिया गया.
बिहार निवासी चालक गिरफ्तार, तस्करी नेटवर्क की जांच तेज
गिरफ्तार चालक की पहचान कैलाश यादव के रूप में हुई है, जो बिहार के फतेहपुर जिले के शाहगंज गांव का निवासी है और वही ट्रक का मालिक भी बताया गया है. उसे हिरासत में लेकर संतरा वन प्रक्षेत्र कार्यालय सोनुवा लाया गया है. उसके बयान के आधार पर दो अन्य लोगों के खिलाफ भी मामला दर्ज किया गया है. वन विभाग यह भी जांच कर रहा है कि इस तस्करी में और कौन-कौन लोग शामिल हैं.
लोडिंग स्थल और माफिया कनेक्शन की पड़ताल, ग्रामीणों से अपील
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार लकड़ी की लोडिंग समीज आश्रम क्षेत्र से की गई थी और सिसई क्षेत्र के लकड़ी माफिया के शामिल होने की आशंका जताई जा रही है, हालांकि इसकी पुष्टि जांच के बाद होगी. वन विभाग ने जब्त लकड़ी और ट्रक को सुरक्षित वन परिसर में रखा है और क्षेत्र में गश्त बढ़ा दी गई है. साथ ही ग्रामीणों से अपील की गई है कि वन तस्करी की सूचना तुरंत विभाग को दें.
गोइलकेरा में हुई यह कार्रवाई अवैध लकड़ी तस्करी पर सख्त संदेश है. वन विभाग की सक्रियता से न केवल तस्करी पर अंकुश लगेगा बल्कि जंगलों के संरक्षण को भी मजबूती मिलेगी.