Seraikela: समाहरणालय सभागार में शनिवार को उपायुक्त नितिश कुमार सिंह और पुलिस अधीक्षक निधि द्विवेदी की अध्यक्षता में नारको कोऑर्डिनेशन सेंटर समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले में नशीले पदार्थों की रोकथाम, अवैध अफीम की खेती समाप्त करने, अवैध शराब निर्माण और बिक्री पर नियंत्रण, युवाओं में बढ़ती नशे की प्रवृत्ति तथा जन-जागरूकता अभियान की समीक्षा की गई।
अफीम की खेती वाले इलाकों में चलेगा विशेष अभियान
बैठक में उपायुक्त नितिश कुमार सिंह ने कहा कि नशे के खिलाफ जागरूकता, सक्रिय रणनीति और सख्त कार्रवाई तीनों स्तर पर एक साथ काम करना जरूरी है। उन्होंने अफीम की खेती वाले क्षेत्रों की पहचान कर विशेष अभियान चलाने और समय पर कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
उपायुक्त ने कहा कि प्रभावित किसानों को वैकल्पिक खेती से जोड़ना भी जरूरी है। इसके लिए किसानों को बीज, कृषि उपकरण और तकनीकी सहायता उपलब्ध कराई जाए। साथ ही बिरसा हरित ग्राम योजना, पशुपालन, मनरेगा और किसान क्रेडिट कार्ड जैसी योजनाओं से जोड़कर उन्हें मुख्यधारा में लाने पर जोर दिया गया।
संवेदनशील इलाकों में बढ़ेगी निगरानी
पुलिस अधीक्षक निधि द्विवेदी ने कहा कि आदित्यपुर, गम्हरिया, कपाली समेत अन्य संवेदनशील क्षेत्रों में अफीम की खरीद-बिक्री, नशे के सेवन और अवैध गतिविधियों को रोकने के लिए नियमित औचक निरीक्षण और विशेष अभियान चलाए जाएंगे।
उन्होंने थाना प्रभारियों को सूचना तंत्र मजबूत करने, संदिग्ध गतिविधियों पर निगरानी रखने और दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही अवैध शराब निर्माण, भंडारण और बिक्री के खिलाफ संयुक्त छापेमारी अभियान चलाने को कहा गया।
स्कूल-कॉलेजों में चलेगा जागरूकता अभियान
बैठक में स्कूलों और कॉलेजों में छात्रों को नशे के दुष्प्रभावों के बारे में जागरूक करने पर जोर दिया गया। शिक्षकों को विद्यार्थियों की गतिविधियों पर नजर रखने और स्थानीय भाषाओं में युवाओं को नशे से शरीर, परिवार और समाज पर पड़ने वाले नुकसान की जानकारी देने के निर्देश दिए गए।
जनप्रतिनिधियों और संस्थाओं को जोड़ा जाएगा
ग्राम स्तर पर जनप्रतिनिधियों, शिक्षकों, आंगनबाड़ी सेविकाओं और स्वयंसेवी संस्थाओं को जोड़कर नशामुक्ति अभियान चलाने की बात कही गई। युवाओं को खेल, कौशल विकास और अन्य सकारात्मक गतिविधियों से जोड़कर नशे से दूर रखने पर भी जोर दिया गया।
सार्वजनिक जगहों पर होगी सख्त निगरानी
बैठक में सार्वजनिक स्थलों, खेल मैदानों, स्कूल परिसरों और संवेदनशील इलाकों में नशे और असामाजिक गतिविधियों पर कड़ी नजर रखने तथा औचक निरीक्षण कर कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। उपायुक्त ने कहा कि नशा केवल व्यक्ति को नहीं, बल्कि पूरे परिवार, समाज और आने वाली पीढ़ियों को प्रभावित करता है।
इसलिए प्रशासन, पुलिस, शिक्षण संस्थानों, जनप्रतिनिधियों और आम लोगों को मिलकर जिले को नशामुक्त बनाने के लिए काम करना होगा। बैठक में उप विकास आयुक्त रीना हांसदा, अपर उपायुक्त जयवर्धन कुमार, अनुमंडल पदाधिकारी सरायकेला एवं चांडिल, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, जिला कृषि पदाधिकारी, सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।