Jamshedpur: शहर में "लाइव सेवर" के नाम से प्रसिद्ध स्कूबा डाइवर मजरुल बारी ने रविवार को डिमना लेक में विशेष लाइफ सेविंग एवं रेस्क्यू प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया। इस दौरान उन्होंने लोगों को जल दुर्घटनाओं के दौरान डूबते व्यक्तियों को सुरक्षित बचाने की व्यावहारिक जानकारी दी। प्रशिक्षण के दौरान मजरुल बारी ने बताया कि किसी भी जल दुर्घटना की स्थिति में घबराने के बजाय सूझबूझ और उपलब्ध संसाधनों का सही उपयोग करना बेहद जरूरी है। उन्होंने प्रतिभागियों को बताया कि प्लास्टिक की बोतल, रस्सी, डंडा, कैन, खाली डिब्बा और अन्य तैरने वाली वस्तुओं की मदद से भी डूबते व्यक्ति तक सहायता पहुंचाई जा सकती है और उसकी जान बचाई जा सकती है।
बिना प्रशिक्षण पानी में कूदना हो सकता है खतरनाक
मजरुल बारी ने कहा कि कई बार लोग किसी को बचाने के लिए सीधे पानी में कूद जाते हैं, जिससे उनकी अपनी जान भी खतरे में पड़ सकती है। इसलिए पहले उपलब्ध साधनों का उपयोग कर पीड़ित तक पहुंचने और उसे सुरक्षित किनारे तक लाने का प्रयास करना चाहिए। उन्होंने विभिन्न रेस्क्यू तकनीकों का लाइव प्रदर्शन कर लोगों को प्रशिक्षण दिया।
जल सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने पर दिया जोर
प्रशिक्षण कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने रेस्क्यू तकनीकों को करीब से देखा और उनसे जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां प्राप्त कीं। इस अवसर पर मजरुल बारी ने कहा कि यदि आम लोगों को प्राथमिक रेस्क्यू तकनीकों की जानकारी हो, तो कई कीमती जिंदगियां बचाई जा सकती हैं। उन्होंने लोगों से जल सुरक्षा के प्रति जागरूक रहने और दूसरों को भी जागरूक करने की अपील की।
500 से अधिक लोगों की बचा चुके हैं जान
मजरुल बारी अब तक 500 से अधिक लोगों की जान बचा चुके हैं। इसके अलावा उन्होंने 100 से अधिक डूबने की घटनाओं में सफल रेस्क्यू अभियान चलाकर लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला है। जल सुरक्षा और मानव सेवा के क्षेत्र में उनका योगदान जमशेदपुर सहित पूरे क्षेत्र के लिए प्रेरणादायक माना जाता है।