Jamshedpur: सदर अस्पताल के लैब कर्मियों और लैब टेक्नीशियन के बीच का विवाद अब खुलकर सामने आ गया है। अस्पताल के लैब कर्मचारियों ने लैब टेक्नीशियन कार्तिक महतो पर प्रताड़ना, अभद्र व्यवहार और काम में अड़ंगा लगाने का गंभीर आरोप लगाया है। इस संबंध में कर्मियों ने सिविल सर्जन, उपायुक्त (DC) और अस्पताल के उपाधीक्षक को लिखित शिकायत सौंपी है।
पानी सिर से ऊपर उतरा, तो कर्मियों ने खोला मोर्चा
मूल रूप से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जुगसलाई में पदस्थापित कार्तिक महतो पर आरोप है कि वे सदर अस्पताल के लैब कर्मियों और अन्य कर्मचारियों के साथ आए दिन बदसलूकी करते हैं और धमकी देते हैं। कर्मचारियों का कहना है कि कार्तिक महतो के अंगूठा दिखाने (बाधा डालने) वाले रवैये और अनावश्यक हस्तक्षेप से काम का माहौल पूरी तरह बिगड़ चुका है। मानसिक प्रताड़ना से तंग आकर आखिरकार कर्मचारियों के सब्र का बांध टूट गया और उन्होंने इस तानाशाही के खिलाफ मोर्चा खोल दिया।
पहले भी दी थी चेतावनी, पर ढाक के तीन पात
शिकायत पत्र में इस बात का भी साफ जिक्र है कि इस गंभीर समस्या से सिविल सर्जन कार्यालय को पहले भी अवगत कराया जा चुका था। लेकिन विभाग की कछुआ चाल और उदासीनता के कारण स्थिति ढाक के तीन पात (जैसे की तैसी) बनी रही और कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। इस बार कर्मचारियों ने आर-पार के मूड में निष्पक्ष जांच कर तुरंत सख्त कदम उठाने की मांग की है।
क्या कहते हैं जिम्मेदार?
इस पूरे मामले पर सिविल सर्जन डॉ. साहिर पाल ने कहा कि शिकायत को गंभीरता से लिया गया है और मामले की जांच शुरू कर दी गई है। दूध का दूध और पानी का पानी करने के लिए पूरी पारदर्शिता बरती जाएगी और यदि आरोपी दोषी पाया जाता है, तो उसके खिलाफ नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी।