Ranchi Breaking: रांची के बड़गाईं जमीन घोटाला मामले में आरोपी राजस्व कर्मचारी भानु प्रताप प्रसाद को सुप्रीम कोर्ट से राहत मिली है. अदालत ने उन्हें जमानत पर रिहा करने का आदेश दिया है. हाईकोर्ट से नियमित जमानत याचिका खारिज होने के बाद भानु प्रताप ने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया था.
मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत और न्यायमूर्ति वी. मोहन की पीठ ने मामले की सुनवाई के बाद जमानत देने का फैसला सुनाया. यह जमानत निगरानी से जुड़े मामले में दी गई है.
छापेमारी में मिले थे जमीन के दस्तावेज
बड़गाईं जमीन घोटाले की जांच के दौरान प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने भानु प्रताप प्रसाद समेत कई लोगों के ठिकानों पर छापेमारी की थी. इस दौरान उनके घर से एक बक्से में बंद जमीन से जुड़े दस्तावेज बरामद हुए थे.
जांच में सामने आया था कि बरामद दस्तावेज अंचल कार्यालय में रखे जाने वाले थे. ED ने दस्तावेजों की जांच में कथित रूप से छेड़छाड़ किए जाने की बात सामने आने के बाद इसकी जानकारी राज्य सरकार को दी थी.
ED की सूचना पर दर्ज हुई थी प्राथमिकी
ED की रिपोर्ट के बाद राज्य सरकार ने रांची उपायुक्त को कार्रवाई का निर्देश दिया था. तत्कालीन उपायुक्त के आदेश पर सदर थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई थी. मामले में IPC की धारा 420 के तहत केस दर्ज हुआ था.
इसके बाद जमीन घोटाले में ED ने ECIR दर्ज कर जांच शुरू की थी. वहीं थाना में दर्ज मामले की जांच बाद में ACB को सौंप दी गई थी. भानु प्रताप प्रसाद जून 2023 से जेल में बंद थे.