Jamshedpur News: जमशेदपुर के कदमा थाना क्षेत्र के शास्त्रीनगर ब्लॉक नंबर-3 के लोगों ने सरकारी जमीन और पुराने स्कूल परिसर पर कथित कब्जे के प्रयास का आरोप लगाते हुए थाना में लिखित शिकायत दी है. बस्तीवासियों ने आरोप लगाया है कि कुछ लोगों ने आदर्श बाल मध्य विद्यालय भवन को तोड़ने और उसके आगे-पीछे की खाली जमीन पर जबरन कब्जा करने की कोशिश की. मामले में पुलिस से तत्काल हस्तक्षेप और कानूनी कार्रवाई की मांग की गई है.
60 वर्षों से सामाजिक कार्यों में होता रहा मैदान का उपयोग
शिकायत के अनुसार, शास्त्रीनगर ब्लॉक नंबर-3 स्थित आदर्श बाल मध्य विद्यालय करीब 60 वर्षों से सरकारी जमीन पर संचालित होता रहा है. स्थानीय लोगों का कहना है कि विद्यालय का निर्माण सामाजिक सहयोग और सरकारी निधि से कराया गया था. उनका दावा है कि स्कूल के आगे और पीछे की खाली जमीन का उपयोग वर्षों से शादी-विवाह, धार्मिक अनुष्ठान, सरस्वती पूजा, गणेश पूजा, स्वतंत्रता दिवस, गणतंत्र दिवस, श्राद्ध कर्म, बच्चों के खेलकूद, पोलियो अभियान, सरकारी वितरण कार्यक्रम और बाढ़ जैसी आपदा के समय राहत कार्यों के लिए किया जाता रहा है.
स्कूल की संपत्ति हटाने और कब्जे की कोशिश का आरोप
बस्तीवासियों ने शिकायत में आरोप लगाया है कि विद्यालय संचालन समिति से जुड़े कुछ लोगों ने निजी स्वार्थ के कारण स्कूल की संपत्ति, फर्नीचर और दस्तावेज दूसरे विद्यालय में स्थानांतरित कर दिए. इसके बाद स्कूल भवन और उससे लगी खाली जमीन पर कब्जा करने की कोशिश शुरू कर दी गई.
सुनील यादव, भूपेंद्र यादव समेत अन्य पर आरोप
शिकायत में सुनील यादव, भूपेंद्र यादव और 10 से 12 अन्य लोगों के नाम लेते हुए आरोप लगाया गया है कि शुक्रवार सुबह करीब 10 बजे वे लोग स्कूल भवन को तोड़ने और जमीन पर जबरन कब्जा करने पहुंचे. विरोध करने पर स्थानीय लोगों को जान से मारने, अगवा करने और गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी देने का भी आरोप लगाया गया है.
पहले भी हो चुकी है शिकायत
आवेदन में यह भी उल्लेख किया गया है कि इसी तरह के कथित कब्जे और धमकी से जुड़े मामलों में वर्ष 2004 और 2006 में भी कदमा थाना में शिकायत दी गई थी. शिकायतकर्ताओं ने उन आवेदनों की प्रतियां भी पुलिस को उपलब्ध कराई हैं.
पुलिस से सुरक्षा और कार्रवाई की मांग
बस्तीवासियों ने पुलिस से मांग की है कि सरकारी कोष और जनसहयोग से बने स्कूल भवन तथा उससे जुड़ी जमीन को अतिक्रमण से बचाया जाए. उनका कहना है कि यह परिसर पूरे इलाके की सार्वजनिक जरूरतों के लिए उपयोग होता है, इसलिए इसकी सुरक्षा सुनिश्चित की जाए. साथ ही जान-माल की सुरक्षा के लिए आरोपियों के खिलाफ उचित कानूनी कार्रवाई करने की मांग भी की गई है.
समाचार लिखें जाने तक पुलिस की ओर से इस मामले में आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है.