Central Government Reshuffle: केंद्र सरकार ने बड़ा प्रशासनिक बदलाव किया है. कई महत्वपूर्ण विभागों में नई नियुक्तियों को मंजूरी दी गई है. इस बदलाव में वरिष्ठ आईएएस अधिकारी दीप्ति गौड़ मुखर्जी को उच्च शिक्षा विभाग का नया सचिव बनाया गया है. इसके अलावा गृह मंत्रालय, युवा मामले और भारतीय अंतर्देशीय जलमार्ग प्राधिकरण में भी जिम्मेदारियां बदली गई हैं.
दीप्ति गौड़ मुखर्जी को उच्च शिक्षा की जिम्मेदारी
दीप्ति गौड़ मुखर्जी को उच्च शिक्षा की जिम्मेदारी मिली है. कार्मिक मंत्रालय की ओर से जारी आदेश के अनुसार, दीप्ति गौड़ मुखर्जी अब उच्च शिक्षा विभाग की सचिव होंगी. इससे पहले वह पंचायती राज मंत्रालय में सचिव के पद पर कार्यरत थीं. मंत्रिमंडल की नियुक्ति समिति ने उनकी नई नियुक्ति को मंजूरी दी है. उच्च शिक्षा विभाग केंद्र सरकार के महत्वपूर्ण मंत्रालयों में शामिल है, इसलिए यह नियुक्ति प्रशासनिक दृष्टि से बहुत महत्वपूर्ण है.
NEET विवाद के बाद चर्चा में रहा पद
उच्च शिक्षा सचिव का पद पिछले कुछ समय से चर्चा में रहा है. NEET विवाद के बीच उच्च शिक्षा प्रशासन और परीक्षा व्यवस्था को लेकर केंद्र सरकार पर सवाल उठे थे. ऐसे में विभाग में नए सचिव की नियुक्ति को महत्वपूर्ण प्रशासनिक बदलाव के तौर पर देखा जा रहा है.
चंद्रशेखर एस. की केरल वापसी
चंद्रशेखर एस. को उनके मूल कैडर केरल वापस भेजने का फैसला लिया गया है. 2014 बैच के आईएएस अधिकारी चंद्रशेखर को पिछले साल सितंबर में उपराष्ट्रपति का निजी सचिव नियुक्त किया गया था. ज्ञानेश भारती को अंडमान-निकोबार का नया मुख्य सचिव नियुक्त किया गया है. वह इससे पहले उप चुनाव आयुक्त की जिम्मेदारी संभाल रहे थे.
युवा मामले और जलमार्ग प्राधिकरण में भी बदलाव किया गया है. पल्लवी जैन गोविल को युवा मामले विभाग का सचिव बनाया गया है. भारतीय अंतर्देशीय जलमार्ग प्राधिकरण में सुनील पालिवाल की जगह सुशील कुमार लोहानी को नई जिम्मेदारी सौंपी गई है.
केंद्र सरकार के इस फेरबदल के बाद कई महत्वपूर्ण विभागों में प्रशासनिक नेतृत्व बदलेगा. खास तौर पर उच्च शिक्षा विभाग में दीप्ति गौड़ मुखर्जी की नियुक्ति आने वाले समय में शिक्षा क्षेत्र से जुड़े नीतिगत और प्रशासनिक फैसलों के लिहाज से महत्वपूर्ण होगी.