Chhattisgarh Swine Flu: छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में इस मॉनसून का पहला स्वाइन फ्लू केस मिला है. करीब 3 साल की बच्ची में H1N1 वायरस की पुष्टि हुई है. बच्ची को तेज बुखार और सर्दी जुकाम की शिकायत थी. इसके बाद उसे शहर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया. जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद डॉक्टरों की टीम उसकी निगरानी कर रही है.
बच्ची के परिवार की भी जांच शुरू
मामला सामने आते ही स्वास्थ्य विभाग सक्रिय हो गया है. विभाग की टीम बच्ची के घर पहुंची. परिवार के लोगों और आसपास रहने वालों की जांच की गई है. बच्ची के परिवार के दूसरे सदस्यों के सैंपल भी लिए गए हैं. स्वास्थ्य विभाग अब उन लोगों की जानकारी जुटा रहा है, जो बच्ची के संपर्क में आए थे.
RT-PCR जांच में H1N1 की पुष्टि
दुर्ग के सिविल सर्जन डॉ. आशीष कुमार मिंज के अनुसार, बच्ची को दो दिन पहले तेज बुखार के साथ अस्पताल लाया गया था. बच्ची के लक्षण देखकर डॉक्टरों को स्वाइन फ्लू का शक हुआ था. इसके बाद RT-PCR जांच कराई गई. जांच में H1N1 वायरस की पुष्टि हुई. बच्ची की हालत पर लगातार नजर रखी जा रही है.
इलाके में घर-घर जाकर जांच
स्वास्थ्य विभाग की टीम प्रभावित इलाके में घर घर जाकर सर्वे कर रही है. लोगों से कहा गया है कि बुखार या फ्लू जैसे लक्षण दिखें तो तुरंत जांच कराएं.
स्वास्थ्य अधिकारियों के मुताबिक, अभी स्थिति नियंत्रण में है. लोगों को घबराने की जरूरत नहीं है. लेकिन सावधानी रखना जरूरी है.
छोटे बच्चों को ज्यादा सावधानी की जरूरत
डॉक्टरों के अनुसार, 5 साल से कम उम्र के बच्चों में फ्लू का असर ज्यादा हो सकता है. स्वाइन फ्लू खांसने और छींकने से निकलने वाली बूंदों के जरिए फैल सकता है. भीड़ वाली जगहों पर संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है. बच्चे को तेज बुखार या सांस लेने में परेशानी हो तो खुद से दवा न दें. ऐसे लक्षण दिखने पर डॉक्टर से तुरंत सलाह लेने की जरूरत है.
सभी अस्पतालों को किया गया अलर्ट
दुर्ग में पहला मामला मिलने के बाद अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों को सतर्क कर दिया गया है. संदिग्ध मरीजों की पहचान और उनकी निगरानी के लिए निर्देश दिए गए हैं. फिलहाल स्वास्थ्य विभाग बच्ची के संपर्क में आए लोगों की जांच और इलाके की निगरानी कर रहा है.