Ranchi News: रांची के अनुमंडल दंडाधिकारी (SDO/SDM) सदर और जिला बार एसोसिएशन के बीच जारी विवाद अब थमता नजर आ रहा है. "पूजा कुमारी बनाम संजय चतुर्वेदी" मामले में रांची सिविल कोर्ट के 15 वकीलों को नोटिस जारी किए जाने के बाद वकीलों ने जोरदार विरोध शुरू किया था, लेकिन अब बार एसोसिएशन ने अपने कदम पीछे खींच लिए हैं.
रांची जिला बार एसोसिएशन की ओर से जारी एक आधिकारिक पत्र में जानकारी दी गई है कि सभी एग्जीक्यूटिव कोर्ट्स (कार्यपालक दंडाधिकारी न्यायालय) का बहिष्कार समाप्त किया जा रहा है. अब रांची सिविल कोर्ट के अधिवक्ता सदर SDO और उनके अधीनस्थ सभी मजिस्ट्रेट कोर्ट की न्यायिक कार्यवाही का बहिष्कार नहीं करेंगे.
इन 15 वकीलों को भेजा गया था नोटिस
प्रशासनिक स्तर पर जिन 15 अधिवक्ताओं को नोटिस जारी किया गया है, उनमें कुमार चतुर्वेदी, संजय कुमार विद्रोही, पवन रंजन खत्री, अमरेंद्र कुमार झा, कीर्ति सिंह उर्फ कीर्ति नारायण सिंह, कृष्णा सिंह, प्रमोद कुमार शर्मा, फर्दा उल रिमान, रितेश रोशन उपाध्याय, शंकर कुमार शर्मा, जगदीश प्रसाद साहू, शशि, एमडी अफरोज, समा परवीन और सहला तबस्सुम शामिल हैं.
7 सितंबर से काम पर लौटेंगे वकील
गौर करने वाली बात यह है कि जब SDO कोर्ट की तरफ से वकीलों को नोटिस थमाया गया था, तब अधिवक्ताओं ने आक्रामक रुख अपनाते हुए खुद को न्यायिक कार्यों से पूरी तरह अलग कर लिया था. हालांकि, वक्त बीतने के साथ-साथ यह आंदोलन कमजोर पड़ता गया. अब एसोसिएशन ने फैसला किया है कि 7 सितंबर 2026 से सभी वकील अपना कार्य बहिष्कार खत्म करेंगे और SDO कोर्ट समेत अधीनस्थ न्यायालयों में पूर्ववत सुनवाई में शामिल होंगे.