Tata Power Transmission: टाटा पावर ने उत्तर प्रदेश में बिजली पहुंचाने के लिए एक और बड़ा कदम उठाया है. कंपनी ने जलपुरा-खुरजा ट्रांसमिशन प्रोजेक्ट का दूसरा चरण शुरू कर दिया है. इससे पश्चिमी उत्तर प्रदेश और एनसीआर में बिजली की सप्लाई को मजबूती मिलेगी. खासकर उन इलाकों को फायदा होगा, जहां बिजली की जरूरत लगातार बढ़ रही है. यह पूरा काम टाटा पावर की 100 फीसदी हिस्सेदारी वाली कंपनी टीपी जलपुरा खुरजा पावर ट्रांसमिशन लिमिटेड (TPJKPTL) ने किया है.
खुरजा और जलपुरा के बीच 162 किलोमीटर की लाइन
प्रोजेक्ट के दूसरे चरण में खुरजा से जलपुरा के बीच 400 केवी की डबल-सर्किट ट्रांसमिशन लाइन शुरू हुई है. इसकी कुल लंबाई 162 सर्किट किलोमीटर है. इसमें करीब 81-81 किलोमीटर के दो सर्किट शामिल हैं. यह लाइन खुरजा और जलपुरा को हाई-वोल्टेज नेटवर्क से जोड़ने का काम करेगी. इससे बिजली को एक जगह से दूसरी जगह पहुंचाना आसान होगा. खुरजा पश्चिमी उत्तर प्रदेश का एक अहम बिजली केंद्र है. ऐसे में यहां से नोएडा और एनसीआर के दूसरे इलाकों तक बिजली पहुंचाने में इस लाइन की महत्वपूर्ण भूमिका रहेगी.
जलपुरा में बना 1,000 एमवीए का सबस्टेशन
प्रोजेक्ट के तहत जलपुरा में 400/220 केवी का जीआईएस सबस्टेशन भी चालू किया गया है. इसकी क्षमता 1,000 एमवीए है. सरल शब्दों में समझें तो यह सबस्टेशन ज्यादा वोल्टेज वाली बिजली को 220 केवी नेटवर्क तक पहुंचाने में मदद करेगा. इससे बिजली नेटवर्क पर दबाव कम करने और सप्लाई को अधिक भरोसेमंद बनाने में मदद मिलेगी. बढ़ती बिजली मांग वाले इलाकों के लिए यह व्यवस्था काफी अहम होगी.
एनसीआर की बढ़ती जरूरत को मिलेगा सहारा
नए ट्रांसमिशन कॉरिडोर के शुरू होने से पश्चिमी उत्तर प्रदेश और एनसीआर में बिजली पहुंचाने की क्षमता बढ़ेगी. इससे नोएडा समेत आसपास के इलाकों में बढ़ती बिजली जरूरत को पूरा करने में मदद मिलने की उम्मीद है. टाटा पावर के मुताबिक, यह प्रोजेक्ट देश में मजबूत और आधुनिक बिजली ग्रिड तैयार करने की दिशा में भी एक अहम कदम है.
देशभर में 7,900 सर्किट किलोमीटर का नेटवर्क
इस परियोजना के दूसरे चरण के शुरू होने के बाद टाटा पावर का ट्रांसमिशन पोर्टफोलियो पूरे देश में 7,900 सर्किट किलोमीटर हो गया है. इसमें चालू और निर्माणाधीन दोनों तरह की ट्रांसमिशन लाइनें शामिल हैं. कंपनी का कहना है कि इस तरह की परियोजनाओं से देश के बिजली ट्रांसमिशन सिस्टम को ज्यादा मजबूत, भरोसेमंद और भविष्य की जरूरतों के लिए तैयार करने में मदद मिलेगी.