पुलिस की मौजूदगी में हंगामा
घटना के वक्त मौके पर ट्रैफिक पुलिस के जवान मौजूद थे। उन्होंने स्थिति को नियंत्रित करने और दोनों पक्षों को शांत कराने का काफी प्रयास किया, लेकिन गुलगुलिया समूह का आतंक शांत नहीं हुआ। मारपीट और हंगामे के कारण करीब एक घंटे तक सड़क के बीचों-बीच तनाव की स्थिति बनी रही।
भागना पड़ा ऑटो चालक को
लगातार बढ़ते हंगामे और मारपीट से बचने के लिए, ऑटो चालक अंततः अपनी ऑटो लेकर मौके से भाग निकला, जिसके बाद गुलगुलिया समूह शांत हुआ। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, समूह का व्यवहार बेहद आक्रामक था, जिसके कारण स्थानीय लोग भी सहमे हुए थे।
बढ़ते गुलगुलिया आतंक पर चिंता
हालांकि, इस मामले में किसी भी पक्ष द्वारा साकची थाना में कोई औपचारिक शिकायत या मामला दर्ज नहीं कराया गया है। बावजूद इसके, व्यस्त साकची चौक पर सड़क के बीचो-बीच एक घंटे तक गुलगुलिया समूह द्वारा किया गया यह हंगामा, कहीं न कहीं भविष्य के लिए खतरे का संकेत है।
स्थानीय लोग और ऑटो चालक संघ मांग
स्थानीय लोग और ऑटो चालक संघ मांग कर रहे हैं कि पुलिस और जिला प्रशासन को समय रहते इन समूहों पर नकेल कसनी चाहिए। यदि इन पर तत्काल कार्रवाई नहीं की गई, तो आने वाले दिनों में सार्वजनिक स्थानों पर कानून-व्यवस्था और बिगड़ सकती है और ऐसी घटनाएं हिंसक रूप ले सकती हैं।