Jamshedpur News: बिहार की महिलाओं को लेकर की गई कथित आपत्तिजनक और अपमानजनक टिप्पणी के मामले में जमशेदपुर व्यवहार न्यायालय में एक परिवाद दायर किया गया है. यह परिवाद जमशेदपुर निवासी अधिवक्ता प्रदीप कुमार सिंह द्वारा दायर किया गया है, जिसमें उत्तराखंड के सोमेश्वर विधानसभा क्षेत्र की विधायक के पति गिर्धारी लाल साहू को आरोपी बनाया गया है.
परिवाद के अनुसार, 3 जनवरी 2026 को सोशल मीडिया और इलेक्ट्रॉनिक माध्यमों पर एक वीडियो व्यापक रूप से प्रसारित हुआ, जिसमें आरोपी द्वारा सार्वजनिक मंच से यह कथित बयान दिया गया कि “बिहार की महिलाओं को 20 से 25 हजार रुपये में विवाह के लिए प्राप्त किया जा सकता है.” यह वीडियो विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म और मीडिया संस्थानों के माध्यम से प्रसारित हुआ.
शिकायतकर्ता का आरोप है कि उक्त बयान बिहार की महिलाओं को वस्तु के रूप में प्रस्तुत करता है, उनकी गरिमा, सम्मान और सामाजिक प्रतिष्ठा को ठेस पहुँचाता है तथा महिलाओं के प्रति अपमानजनक और भेदभावपूर्ण मानसिकता को बढ़ावा देता है. परिवाद में कहा गया है कि इस तरह के बयान महिलाओं की खरीद-फरोख्त जैसी प्रवृत्तियों को सामान्य बनाते हैं, जो मानव तस्करी से जुड़े कानूनों की भावना के भी विपरीत हैं.
परिवाद में यह भी उल्लेख किया गया है कि आरोपी एक सार्वजनिक जीवन से जुड़े व्यक्ति हैं, इसलिए उनसे संयम और जिम्मेदारीपूर्ण आचरण की अपेक्षा की जाती है. शिकायतकर्ता के अनुसार, इस कथित बयान से उन्हें मानसिक आघात पहुँचा है और यह संविधान के अनुच्छेद 14, 15 और 21 में निहित समानता और गरिमा के अधिकारों का उल्लंघन है.
मामले में भारतीय न्याय संहिता, 2023 की विभिन्न धाराओं के साथ-साथ आईटी एक्ट की धाराओं के तहत संज्ञान लेने की मांग की गई है. अदालत से अनुरोध किया गया है कि मामले में संज्ञान लेते हुए आरोपी को तलब किया जाए और विधि सम्मत कार्रवाई की जाए. फिलहाल न्यायालय द्वारा परिवाद पर विचार किया जा रहा है.