Jharkhand News: गिरिडीह जिले के जमुआ थाना क्षेत्र के भूपतडीह गांव में जमीन विवाद को लेकर हुई फायरिंग और मारपीट के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है. इस मामले में शामिल सात आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है. पुलिस ने उनके पास से हथियार, गोलियां और वारदात में इस्तेमाल किए गए वाहन भी बरामद किए हैं.
ये हुए गिरफ्तार
मंगलवार को गिरिडीह के एसपी डॉ विमल कुमार ने प्रेसवार्ता कर पूरे मामले की जानकारी दी. उन्होंने बताया कि गिरफ्तार किए गए आरोपियों में रामू साव, विजय साव, संजय कुमार उर्फ संजय मंडल, पंकज कुमार यादव उर्फ कारू यादव, अमित कुमार उर्फ अमित वर्मा, नारायण मंडल और राजकुमार मंडल शामिल हैं. इनके पास से तीन देसी कट्टा, 23 जिंदा गोली, चार मैगजीन, एक सेंट्रो कार और दो बाइक जब्त की गई है.
आरोपियों ने अवैध हथियार से फायरिंग की थी
एसपी ने बताया कि 3 जनवरी को भूपतडीह गांव निवासी संतोष कुमार विश्वकर्मा ने जमुआ थाना में सूचना दी थी कि 5 से 6 की संख्या में आए अपराधियों ने उस पर फायरिंग की और मारपीट की. सूचना के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की और आरोपियों की पहचान कर छापेमारी की. पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि आरोपियों ने अवैध हथियार से फायरिंग की थी. भागने के दौरान आरोपी रामू साव द्वारा कॉक की हुई पिस्टल को कमर में खोसने के क्रम में ट्रिगर दब गया, जिससे उसकी जांघ में गोली लग गई. वह गंभीर रूप से घायल हो गया और उसका इलाज एसएनएमएमसीएच धनबाद में चल रहा है.
ग्रामीण इलाकों में अवैध हथियारों की मौजूदगी और कानून व्यवस्था की चुनौती उजागर
इस पूरे मामले में जमुआ थाना में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई में जुटी हुई है. जमीन विवाद को लेकर हुई इस घटना ने एक बार फिर ग्रामीण इलाकों में अवैध हथियारों की मौजूदगी और कानून व्यवस्था की चुनौती को उजागर किया है. पुलिस की त्वरित कार्रवाई से आरोपियों की गिरफ्तारी जरूर हुई है, लेकिन यह मामला बताता है कि जमीन विवाद किस तरह हिंसक रूप ले रहे हैं और आम लोगों की सुरक्षा पर सीधा असर डाल रहे हैं.