Koderma: कोडरमा जिले के जयनगर प्रखंड अंतर्गत गड़ियाई बिरहोर कॉलोनी से लापता हुए सभी 10 बच्चे सुरक्षित मिल गए हैं। बच्चों के सकुशल मिलने की सूचना मिलते ही परिजनों ने राहत की सांस ली और प्रशासन का आभार जताया। फिलहाल सभी बच्चों को गया स्थित चाइल्ड लाइन केंद्र में सुरक्षित रखा गया है।
मामले की जानकारी देते हुए अंचल अधिकारी सारांश जैन ने बताया कि उपायुक्त (डीसी) के निर्देश पर जयनगर के प्रखंड विकास पदाधिकारी गौतम कुमार ने गड़ियाई बिरहोर कॉलोनी पहुंचकर पूरे मामले की गंभीरता से जांच की थी। जांच के दौरान यह स्पष्ट हुआ कि लापता बच्चे गया जिले की चाइल्ड लाइन में मौजूद हैं। इसके बाद जिला प्रशासन की ओर से अधिकारियों को गया भेजा गया।
श्राद्ध भोज से लौटते समय हुए थे लापता
स्थानीय मुखिया राजेंद्र यादव ने बताया कि 1 फरवरी की रात गड़ियाई बिरहोर टोला के कई लोग परसाबाद में आयोजित एक श्राद्ध भोज में शामिल होने गए थे। भोज के बाद जब सभी लोग गांव लौटे, तब यह पता चला कि उनके साथ गए 10 बच्चे वापस नहीं आए।
परिजनों ने पहले अपने स्तर से बच्चों की खोजबीन की, लेकिन जब कोई सुराग नहीं मिला तो अगले दिन मुखिया को इसकी सूचना दी गई। मुखिया ने तत्काल जयनगर थाना प्रभारी उमानाथ सिंह को बच्चों के लापता होने की जानकारी दी।
शुरुआत में पुलिस पर लापरवाही का आरोप
आरोप है कि प्रारंभिक स्तर पर जयनगर पुलिस ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया और मुखिया को ही बच्चों की खोजबीन करने की सलाह दे दी। इसके बाद मुखिया ने स्वयं प्रयास किए, लेकिन सफलता नहीं मिलने पर पूरे मामले की जानकारी बीडीओ गौतम कुमार को दी गई।
बीडीओ को सूचना मिलते ही मामला जिले के वरीय अधिकारियों तक पहुंचा। इसके बाद प्रशिक्षु डीएसपी दिवाकर कुमार, तिलैया थाना प्रभारी विनय कुमार और चंदवारा थाना प्रभारी शशिभूषण कुमार पुलिस बल के साथ गड़ियाई बिरहोर टोला पहुंचे और पीड़ित परिवारों से मुलाकात कर जानकारी ली।
गलत ट्रेन पकड़कर पहुंचे गया
जांच में सामने आया कि बच्चे कोडरमा रेलवे स्टेशन पहुंच गए थे, जहां उन्होंने गलती से गलत रूट की ट्रेन पकड़ ली और गया पहुंच गए। गया पहुंचने के बाद बच्चे इधर-उधर भटक रहे थे, जहां पुलिस ने उन्हें रेस्क्यू कर चाइल्डलाइन में सुरक्षित रखा।
प्रशिक्षु डीएसपी दिवाकर कुमार ने बताया कि आमतौर पर गांव के लोग परसाबाद से ट्रेन पकड़कर यदुडीह हॉल्ट उतरते हैं, लेकिन बच्चों से रास्ते में चूक हो गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए कोडरमा के एसपी और डीसी अलर्ट मोड में थे और कई जिलों से सूचनाएं साझा की गई थीं।
प्रशासन जुटा बच्चों को वापस लाने में
फिलहाल जिला प्रशासन बच्चों को गया से कोडरमा सुरक्षित वापस लाने की प्रक्रिया में जुट गया है। बच्चों के परिजनों से संपर्क कर उन्हें पूरी जानकारी दी जा रही है। प्रशासन ने भरोसा दिलाया है कि सभी बच्चों को जल्द ही उनके परिवारों से मिलाया जाएगा।