Seraikela News: गम्हरिया के रापचा पंचायत अंतर्गत मुर्गाघुटू बाबा तिलका माझी चौक पर रापचा और बुरूडीह पंचायत के ग्रामीणों ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत का पुतला दहन किया. यह विरोध उनके उस बयान के खिलाफ था, जिसमें उन्होंने सरना धर्म को केवल एक पूजा पद्धति बताया था.
माझी बाबा मुकेश बेसरा ने कहा कि सरना धर्म को पूजा पद्धति कहना आदिवासी समाज की धार्मिक आस्था, परंपरा और पहचान का अपमान है. उन्होंने कहा कि आदिवासी समाज प्रकृति पूजक है और सदियों से सरना धर्म को मानता आ रहा है. समाज लंबे समय से सरना धर्म को अलग धर्म के रूप में मान्यता देने की मांग करता रहा है.
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि भविष्य में आदिवासी समाज और सरना धर्म के खिलाफ इस तरह के बयान दिए गए तो समाज सड़क से लेकर सदन तक आंदोलन करने को मजबूर होगा.
पुतला दहन में रेघाडीह के माझी बाबा भोगान मार्डी, महेश बेसरा, दिलीप टुडू, अनिल मार्डी, धीरेन बेसरा, मंगल बेसरा, धनीराम बेसरा, सागराम टुडू, नरसिंह हेम्ब्रम, दुखू मुर्मू, टिंकू मार्डी, राजाराम हांसदा समेत बुरूडीह और रापचा पंचायत के विभिन्न गांवों के माझी बाबा और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद थे.