Ranchi News: झारखंड में होने जा रहे नगर निकाय चुनावों को लेकर प्रशासनिक और न्यायिक तैयारियां अंतिम चरण में हैं. 23 फरवरी को होने वाले मतदान के दिन अब रांची सिविल कोर्ट में भी कामकाज पूरी तरह बंद रहेगा. हाई कोर्ट के निर्देश के बाद जिला न्यायालय ने इस संबंध में आधिकारिक अधिसूचना जारी कर दी है. इस फैसले का मुख्य उद्देश्य यह है कि कोर्ट के कर्मचारी और अधिवक्ता बिना किसी बाधा के अपने मताधिकार का प्रयोग कर सकें.
हाई कोर्ट के बाद सिविल कोर्ट का आदेश
नगर निकाय चुनाव की संवेदनशीलता और महत्ता को देखते हुए गुरुवार को पहले झारखंड हाई कोर्ट ने अवकाश का निर्णय लिया, जिसके तुरंत बाद रांची सिविल कोर्ट ने भी इसी तर्ज पर अधिसूचना जारी की. आपको बता दें कि इस बार राज्य के 9 नगर निगम, 20 नगर परिषद और 19 नगर पंचायतों के लिए वोट डाले जाने हैं. रांची, जमशेदपुर, धनबाद और गिरिडीह जैसे बड़े शहरों में मेयर से लेकर पार्षद तक के पदों के लिए कड़ा मुकाबला देखने को मिल रहा है.
दुकानें और प्रतिष्ठान भी रहेंगे बंद
मतदान प्रतिशत बढ़ाने और शत-प्रतिशत भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए केवल अदालतें ही नहीं, बल्कि राज्य सरकार ने भी सख्त निर्देश जारी किए हैं. 23 फरवरी को सभी निजी दुकानों, व्यापारिक प्रतिष्ठानों और संस्थानों को बंद रखने का आदेश पहले ही दिया जा चुका है. प्रशासन की कोशिश है कि वकीलों से लेकर आम कारोबारी तक, हर कोई लोकतंत्र के इस उत्सव में हिस्सा ले सके.
चुनाव के दिन अदालतों में अवकाश घोषित करना एक सकारात्मक कदम है, क्योंकि वकील और अदालती कर्मचारी समाज का एक प्रबुद्ध वर्ग हैं जिनकी चुनावी भागीदारी महत्वपूर्ण होती है. अक्सर काम के दबाव में यह वर्ग वोटिंग से चूक जाता था. इस अधिसूचना के बाद अब रांची सहित अन्य जिलों के सिविल कोर्ट में भी चुनावी माहौल का असर दिखेगा. हालांकि, इस एक दिन की छुट्टी से लंबित मामलों की तारीखें आगे बढ़ेंगी, लेकिन लोकतांत्रिक प्रक्रिया को मजबूती देने के लिहाज से इसे एक आवश्यक निर्णय माना जा सकता है.