इस्तेमाल जोखिम बढ़ा सकता
आइए आपको बताते हैं ऐसी 5 जगहों के बारे में, जहां मोबाइल चलाते समय खास सावधानी जरूरी है.पेट्रोल पंप पर ज्वलनशील गैसें और धुएं मौजूद रहते हैं. हालांकि आधुनिक सिस्टम काफी सुरक्षित होते हैं फिर भी यहां मोबाइल का इस्तेमाल जोखिम बढ़ा सकता है. कॉल रिसीव करना या फोन से छेड़छाड़ करना ध्यान भटका सकता है, जिससे दुर्घटना की आशंका बढ़ जाती है. बेहतर है कि ईंधन भरवाते समय फोन जेब में ही रखें.
आजकल सड़क हादसों की एक बड़ी वजह मोबाइल में उलझे रहना है. मैसेज पढ़ते या सोशल मीडिया स्क्रॉल करते हुए सड़क पार करना बेहद खतरनाक हो सकता है. एक पल की असावधानी वाहन की चपेट में ला सकती है. सड़क पार करते समय पूरी तरह सतर्क रहना जरूरी है.अस्पतालों में कई संवेदनशील मशीनें लगी होती हैं.
साइलेंट रखने की सलाह दी जाती है
हालांकि नए उपकरण सुरक्षित होते हैं फिर भी कुछ जगहों पर मोबाइल सिग्नल दखल दे सकते हैं. यही कारण है कि ICU या ऑपरेशन थिएटर के बाहर फोन बंद या साइलेंट रखने की सलाह दी जाती है. यहां नियमों का पालन करना बेहद जरूरी है.उड़ान के दौरान एयरलाइन कंपनियां फोन को फ्लाइट मोड में रखने के निर्देश देती हैं.
इसका मकसद विमान के संचार सिस्टम में किसी भी तरह की बाधा को रोकना होता है. नियमों की अनदेखी करने पर जुर्माना या कानूनी कार्रवाई भी हो सकती है.रेलवे स्टेशन, कैफे या मॉल में मिलने वाला फ्री वाई-फाई सुविधाजनक जरूर है लेकिन यहां साइबर ठगी का खतरा भी ज्यादा होता है.
असुरक्षित नेटवर्क पर बैंकिंग या निजी जानकारी साझा करना भारी पड़ सकता है. हैकर्स ऐसे नेटवर्क का फायदा उठाकर डेटा चोरी कर सकते हैं.मोबाइल उपयोगी जरूर है लेकिन हर जगह इसका इस्तेमाल करना समझदारी नहीं है. सही समय और सही जगह पर ही फोन का इस्तेमाल करें. थोड़ी सी सावधानी आपको बड़े हादसे और नुकसान से बचा सकती है.
सावधानी ही बचाव है
स्मार्टफोन बेशक हमारी सुविधा के लिए है, लेकिन इसका गुलाम बनना और हर जगह इसका इस्तेमाल करना समझदारी नहीं है। अपनी सुरक्षा और दूसरों की भलाई के लिए सही समय और सही जगह का चुनाव करें। याद रखें, एक नोटिफिकेशन से ज्यादा कीमती आपकी जिंदगी है।