Jharkhand: शनिवार को सदर अस्पताल में सर्वाइकल कैंसर से बचाव को लेकर राज्य स्तरीय एचपीवी टीकाकरण अभियान की शुरुआत की गई। कार्यक्रम में केंद्रीय रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए, जबकि झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी भी मंच पर मौजूद थे। इसी दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशव्यापी टीकाकरण अभियान की शुरुआत करते हुए वर्चुअल माध्यम से संबोधन दिया।
संबोधन के दौरान बढ़ा विवाद, वीडियो कराया गया म्यूट
प्रधानमंत्री के भाषण के दौरान जब उन्होंने कांग्रेस को लेकर टिप्पणी की, तो मंच पर मौजूद स्वास्थ्य मंत्री ने आपत्ति जताई और कुछ समय के लिए संबोधन का वीडियो म्यूट करा दिया। थोड़ी देर बाद केंद्रीय मंत्री संजय सेठ के हस्तक्षेप से वीडियो दोबारा चलाया गया। इसके बाद डॉ. अंसारी कार्यक्रम के बीच से ही उठकर बाहर चले गए।
स्वास्थ्य मंत्री बोले मंच का राजनीतिक उपयोग ठीक नहीं
कार्यक्रम से बाहर आने के बाद स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि स्वास्थ्य जैसे संवेदनशील विषय पर राजनीति नहीं होनी चाहिए। उनका कहना था कि टीकाकरण अभियान जनहित से जुड़ा है और ऐसे मंचों का उपयोग किसी दल विशेष पर आरोप लगाने के लिए नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि यदि इस तरह की राजनीतिक टिप्पणियां जारी रहीं तो वे राज्य स्तर पर अलग व्यवस्था करने पर विचार करेंगे।
केंद्रीय मंत्री का जवाब देशव्यापी कार्यक्रम था, भाषण रोकना संभव नहीं
विवाद पर प्रतिक्रिया देते हुए केंद्रीय मंत्री संजय सेठ ने कहा कि प्रधानमंत्री देश के विभिन्न कार्यक्रमों को संबोधित कर रहे थे और उसी क्रम में एचपीवी टीकाकरण अभियान की भी शुरुआत की।
उन्होंने कहा कि जब देश के प्रधानमंत्री बोल रहे हों तो बीच में प्रसारण रोकना उचित नहीं है। उनके मुताबिक, टीकाकरण कार्यक्रम पूरे देश के लिए है और इसे राजनीतिक नजरिये से नहीं देखा जाना चाहिए।