Deoghar Crime News: झारखंड के देवघर जिले में एक युवक का सिरकटा शव मिलने के सनसनीखेज मामले का पुलिस ने महज 48 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया है. रिखिया थाना क्षेत्र के इस "ब्लाइंड मर्डर केस" में पुलिस ने मुख्य आरोपी महिला सहित तीन लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है. एसपी सौरभ कुमार ने गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि मृतक की पहचान दिलीप तूरी के रूप में हुई है, जो मुख्य आरोपी महिला बबीता देवी का निजी ड्राइवर था.
निजी जानकारी साझा करने पर हुई हत्या
पुलिस जांच में यह चौंकाने वाली बात सामने आई है कि दिलीप तूरी अपनी मालकिन बबीता देवी की निजी जानकारियां उसके किसी परिचित व्यक्ति को साझा करता था. इसी बात से नाराज होकर बबीता देवी ने पायल राउत और संजीव कुमार के साथ मिलकर हत्या की खौफनाक साजिश रची. रविवार की देर रात आरोपियों ने एक सुनसान स्थान पर दिलीप तूरी की गला रेतकर बेरहमी से हत्या कर दी और पहचान छिपाने के उद्देश्य से सिरकटा शव रिखिया थाना क्षेत्र के देवांग बाबा मैदान के पास फेंककर फरार हो गए थे.
एसडीपीओ के नेतृत्व में टीम ने की कार्रवाई
सोमवार को शव बरामद होने के बाद इलाके में काफी तनाव फैल गया था और स्थानीय लोगों ने आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए "बैजनाथपुर चौक" पर सड़क जाम कर विरोध प्रदर्शन किया था. मामले की गंभीरता को देखते हुए एसडीपीओ अशोक सिंह के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई थी. फॉरेंसिक और तकनीकी साक्ष्यों (Technical Surveillance) की मदद से पुलिस ने कड़ियों को जोड़ा और बुधवार देर शाम तक तीनों आरोपियों को दबोच लिया. पूछताछ के दौरान सभी आरोपियों ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया है.
पुलिस की सख्त कार्रवाई की चेतावनी
एसपी सौरभ कुमार ने बताया कि इस मामले में रिखिया, मोहनपुर और टाउन थाना की पुलिस ने मिलकर काम किया. उन्होंने कहा कि "अपराधियों के खिलाफ सख्त और समयबद्ध कार्रवाई भविष्य में भी जारी रहेगी." फिलहाल पुलिस कुछ अन्य तकनीकी पहलुओं की भी जांच कर रही है ताकि अदालत में ठोस साक्ष्य पेश किए जा सकें. इस त्वरित कार्रवाई से स्थानीय लोगों ने राहत की सांस ली है.