Census 2027: देश में अगली जनगणना की तैयारी तेजी से चल रही है और यह प्रक्रिया जल्द ही शुरू होने वाली है। इस बार जनगणना 2027 में कुछ नए बदलाव देखने को मिलेंगे।
लिव-इन कपल को मिलेगा शादीशुदा जोड़े का दर्जा
सबसे खास बात यह है कि अगर कोई कपल लिव-इन रिलेशनशिप में साथ रह रहा है और खुद को एक “स्थिर रिश्ता” मानता है, तो उसे शादीशुदा जोड़े की तरह ही गिना जाएगा। यानी अगर वे खुद को पति-पत्नी बताते हैं, तो अधिकारियों को वही दर्ज करना होगा।
जनगणना में बिना दस्तावेज, भरोसे पर दर्ज होगी आपकी जानकारी
जनगणना के नियमों के अनुसार, लोगों को अपनी जानकारी के लिए किसी भी तरह का दस्तावेज दिखाने की जरूरत नहीं होगी। आपको सिर्फ सही और ईमानदारी से अपने बारे में बताना है, और अधिकारी वही जानकारी रिकॉर्ड करेंगे जो आप बताएंगे।
अब खुद भरें अपनी जनगणना की जानकारी, ऑनलाइन पोर्टल की सुविधा जारी
इस बार लोगों को खुद से जानकारी भरने की सुविधा भी दी जा रही है, जिसे सेल्फ-एन्यूमरेशन कहा जाता है। इसके लिए एक ऑनलाइन पोर्टल होगा, जहां आप अपनी जानकारी खुद भर सकते हैं। यह सुविधा अंग्रेजी और 15 भारतीय भाषाओं में उपलब्ध होगी।
1 अप्रैल से शुरू सेल्फ-एन्यूमरेशन, OTP से भरें फॉर्म और सही लोकेशन डालना जरूरी
सेल्फ-एन्यूमरेशन की शुरुआत कुछ जगहों पर 1 अप्रैल से होगी। इसमें घर का कोई भी जिम्मेदार सदस्य OTP के जरिए मोबाइल वेरिफिकेशन करके फॉर्म भर सकता है। फॉर्म भरते समय आपको अपने घर की सही लोकेशन भी बतानी होगी। इसके लिए जिला और पिन कोड डालना होगा, फिर मैप पर अपने घर को सही जगह मार्क करना होगा। अगर लोकेशन गलत डाल दी, तो गिनती करने वालों को आपका डेटा नहीं मिलेगा।
45 दिन चलेगा जनगणना का पहला चरण
इस पूरी प्रक्रिया में लगभग 15 से 20 मिनट लगेंगे। आप चाहें तो फॉर्म को बीच में सेव करके बाद में भी पूरा कर सकते हैं। फॉर्म जमा करने के बाद एक आईडी मिलेगी, जिसे बाद में अधिकारी के साथ शेयर करना होगा ताकि वह जानकारी को वेरिफाई कर सके। जनगणना का पहला चरण (हाउसलिस्टिंग) करीब 45 दिनों तक चलेगा। इसमें पहले 15 दिन लोग खुद जानकारी भर सकेंगे, और उसके बाद 30 दिन तक अधिकारी घर-घर जाकर जानकारी इकट्ठा करेंगे।