Jamshedpur: भुइंयाडीह इलाके में सुवर्णरेखा नदी में बड़ी संख्या में मछलियों के मरने की सूचना पर विधायक सरयू राय मौके पर पहुंचे और निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान नदी किनारे सैकड़ों मछलियां मृत अवस्था में पाई गईं, जिसे देखकर उन्होंने गहरी चिंता जताई और इसे गंभीर पर्यावरणीय संकट बताया।
कई क्विंटल मछलियों के मरने का अनुमान
स्थानीय लोगों के अनुसार, मृत मछलियों की संख्या काफी अधिक है और इसका अनुमान चार क्विंटल से भी ज्यादा लगाया जा रहा है। मछलियों का आकार अलग-अलग है, जिनका वजन करीब 250 ग्राम से लेकर डेढ़ किलोग्राम तक बताया गया है। लोगों का कहना है कि वास्तविक संख्या इससे भी अधिक हो सकती है।
केंद्रीय प्रदूषण बोर्ड की रिपोर्ट में दूषित पानी जिम्मेदार
सरयू राय ने बताया कि केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की रिपोर्ट में सामने आया है कि टाटा स्टील प्लांट से लगातार 3-4 दिनों तक दूषित पानी नदी में छोड़ा गया। इसके कारण पानी में बीओडी (BOD) और सीओडी (COD) की मात्रा काफी बढ़ गई, जबकि ऑक्सीजन का स्तर तेजी से घट गया, जिससे मछलियों की इतनी बड़ी संख्या में मौत हुई।
राज्य प्रदूषण बोर्ड पर उठे सवाल
उन्होंने आश्चर्य जताते हुए कहा कि इतनी गंभीर रिपोर्ट के बावजूद राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को इसकी जानकारी नहीं होना बड़ी लापरवाही है। साथ ही उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि उपायुक्त स्तर तक यह रिपोर्ट क्यों नहीं पहुंची और अब तक कार्रवाई क्यों नहीं की गई।
दोषियों पर कार्रवाई की मांग
उन्होंने प्रशासन से मांग की कि इस तरह की घटनाओं को रोकने के लिए ठोस कदम उठाए जाएं, ताकि भविष्य में पर्यावरण और जनजीवन सुरक्षित रह सके।