Jharkhand: राज्य के उत्पाद विभाग में प्रशासनिक स्तर पर बड़ा फेरबदल किया गया है। विभाग द्वारा जारी अधिसूचना के तहत कुल 34 अधिकारियों का तबादला और पदस्थापन किया गया है। इस बदलाव का उद्देश्य विभिन्न जिलों में कार्यप्रणाली को सुदृढ़ करना और विभागीय कार्यों को अधिक प्रभावी बनाना बताया जा रहा है।
रांची में महत्वपूर्ण पदों पर नई नियुक्ति
जारी आदेश के अनुसार, गजेंद्र कुमार सिंह को रांची में संयुक्त उत्पाद आयुक्त की जिम्मेदारी दी गई है, जबकि उमाशंकर सिंह को सहायक उत्पाद आयुक्त बनाया गया है। वहीं, राकेश कुमार को मुख्यालय रांची में प्रभारी उत्पाद आयुक्त और मनोज कुमार को प्रभारी सहायक उत्पाद आयुक्त के पद पर पदस्थापित किया गया है।
पूर्वी सिंहभूम समेत कई जिलों में नए अधिकारी तैनात
अरुण कुमार मिश्रा को पूर्वी सिंहभूम का सहायक उत्पाद आयुक्त बनाया गया है। इसके अलावा बोकारो में संजय कुमार मेहता, रामगढ़ में अरविंद कुजूर और हजारीबाग में सुनील कुमार चौधरी को सहायक उत्पाद आयुक्त की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
संथाल परगना प्रमंडल (दुमका) में रामलीला रवानी को प्रभारी उत्पाद उपायुक्त बनाया गया है, जिससे क्षेत्रीय स्तर पर निगरानी और संचालन को मजबूती मिलने की उम्मीद है।
उत्पाद अधीक्षकों के स्तर पर भी व्यापक बदलाव
कई जिलों में उत्पाद अधीक्षक स्तर पर भी बदलाव किए गए हैं। जितेंद्र कुमार को पाकुड़, शैलेंद्र कुमार को कोडरमा, सुजीत कुमार को पलामू और शिवकुमार साहू को गिरिडीह में प्रभारी उत्पाद अधीक्षक की जिम्मेदारी दी गई है।
इसी क्रम में विमला लकड़ा को देवघर, संजय कुमार श्रीवास्तव को दुमका, प्रीतिनंदन भगत को लातेहार, संजीत कुमार देव को गढ़वा और प्रवीण कुमार राणा को गोड्डा में पदस्थापित किया गया है।
निरीक्षक और अन्य पदों पर भी नई पोस्टिंग
विभाग ने निरीक्षक स्तर पर भी कई अधिकारियों की नई तैनाती की है। निर्मल कुमार को रांची सहायक उत्पाद आयुक्त कार्यालय में निरीक्षक बनाया गया है, जबकि सौरभ तिवारी और देवीलाल सोरेन को धनबाद में इसी पद पर जिम्मेदारी सौंपी गई है।
इसके अलावा अजय कुमार, सुधीर कुमार, कुमार सत्येंद्र और अशोक कुमार सहित कई अधिकारियों को विभिन्न जिलों के उत्पाद कार्यालयों में निरीक्षक के रूप में पदस्थापित किया गया है।
प्रशासनिक कार्यों में तेजी लाने की कवायद
इस व्यापक तबादले को विभाग की कार्यप्रणाली में तेजी लाने और विभिन्न जिलों में निगरानी व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है। नई जिम्मेदारियों के साथ अधिकारी जल्द ही अपने-अपने पदों पर योगदान देंगे।
व्यवस्था में सुधार की उम्मीद
राज्य स्तर पर किए गए इस बड़े प्रशासनिक फेरबदल से यह उम्मीद जताई जा रही है कि उत्पाद विभाग की कार्यक्षमता में सुधार होगा और राजस्व संग्रह के साथ-साथ अवैध गतिविधियों पर भी प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा सकेगा।