Ranchi: रांची के जगन्नाथ मंदिर में हुए हत्याकांड के खुलासे के बाद शनिवार को पुलिस के वरीय अधिकारी मंदिर पहुंचे, जहां पूरे घटनाक्रम के बाद एक अलग ही माहौल देखने को मिला। इस दौरान रांची के एसएसपी राकेश रंजन ने मंदिर में विधि-विधान के साथ पूजा-अर्चना की और भगवान जगन्नाथ का आशीर्वाद लिया। उन्होंने इस पूरे मामले के सफल उद्भेदन को भगवान की कृपा बताया और कहा कि यह पुलिस की तत्परता के साथ-साथ ईश्वर के आशीर्वाद का भी परिणाम है। उनके साथ इस मौके पर सिटी एसपी पारस राणा, हटिया डीएसपी पीके मिश्रा और जगन्नाथपुर थाना प्रभारी भी मौजूद रहे। सभी अधिकारियों ने मिलकर मंदिर परिसर में पूजा की और शहर में शांति, सुरक्षा और सद्भाव बनाए रखने की कामना की।
सभी आरोपियों की गिरफ्तारी, पूछताछ जारी
पूजा के बाद मीडिया से बातचीत में एसएसपी राकेश रंजन ने बताया कि पुलिस ने इस मामले में तेजी से कार्रवाई करते हुए सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और उनसे पूछताछ की प्रक्रिया जारी है। उन्होंने यह भी कहा कि इस पूरे कांड का खुलासा बेहद कम समय में संभव हो पाया, जो पुलिस टीम की सक्रियता को दर्शाता है। इस कार्रवाई के बाद आम लोगों के बीच भी पुलिस के प्रति भरोसा बढ़ा है और लोगों ने राहत की सांस ली है कि मामले का खुलासा जल्द हो गया।
मंदिरों की सुरक्षा होगी और मजबूत
इस दौरान एसएसपी ने मंदिर परिसर और अन्य धार्मिक स्थलों की सुरक्षा व्यवस्था का भी जायजा लिया और साफ संकेत दिए कि आने वाले दिनों में सुरक्षा को और पुख्ता किया जाएगा। उन्होंने कहा कि मंदिर परिसर में CCTV कैमरों की संख्या बढ़ाई जाएगी, सुरक्षा गार्ड तैनात किए जाएंगे और अन्य जरूरी सुरक्षा उपायों को लागू किया जाएगा, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो सके और श्रद्धालु सुरक्षित माहौल में पूजा कर सकें।
स्थानीय लोगों ने उठाई नशे के खिलाफ कार्रवाई की मांग
मौके पर मौजूद वार्ड पार्षद और स्थानीय लोगों ने भी अपनी चिंता जाहिर करते हुए मंदिर के आसपास बढ़ रहे नशे के कारोबार पर सख्ती से रोक लगाने की मांग की। उनका कहना था कि इस तरह की गतिविधियां न सिर्फ माहौल को खराब करती हैं, बल्कि अपराध को भी बढ़ावा देती हैं। वहीं मंदिर प्रबंधन ने भी सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने की आवश्यकता जताई, ताकि आने वाले समय में ऐसी किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके।
पुलिस कार्रवाई से बढ़ा भरोसा, प्रशासन हुआ सतर्क
फिलहाल इस पूरे घटनाक्रम के बाद जहां एक ओर लोगों में पुलिस के प्रति विश्वास मजबूत हुआ है, वहीं प्रशासन भी अब धार्मिक स्थलों की सुरक्षा को लेकर ज्यादा सतर्क नजर आ रहा है। लगातार निगरानी और सख्त व्यवस्था के जरिए यह सुनिश्चित करने की कोशिश की जा रही है कि शहर में शांति और कानून व्यवस्था बनी रहे और इस तरह की घटनाएं दोबारा सामने न आएं।