Jamshedpur: पूर्वी सिंहभूम जिले के कोवाली थाना अंतर्गत हल्दीपोखर रेलवे स्टेशन के समीप स्थित नेवफिंस लिमिटेड नामक फाइनेंस कंपनी में चोरी की एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है। कंपनी के भीतर से लाखों रुपये की नकदी और कीमती सामान पर हाथ साफ कर दिया गया है। घटना की गंभीरता को देखते हुए कोवाली पुलिस ने जांच का दायरा बढ़ा दिया है और आरोपियों की धरपकड़ के लिए एक विशेष टीम को रांची रवाना किया गया है।
करीब 9 लाख की चोरी, मैनेजर ने दर्ज कराई FIR
जानकारी के अनुसार, चोरों ने कंपनी के दफ्तर से कुल 8,74,407 रुपये नकद और लैपटॉप पार कर दिए हैं। इस संबंध में कंपनी के मैनेजर वीरेंद्र सिंह (निवासी: भोजपुर, बिहार) के लिखित आवेदन पर कोवाली थाने में नामजद प्राथमिकी दर्ज की गई है। मैनेजर ने पुलिस को बताया कि यह वारदात 10 मई और 11 मई की मध्यरात्रि के बीच अंजाम दी गई है।
रांची के दो युवकों पर चोरी का आरोप
दर्ज कराई गई रिपोर्ट में रांची के रहने वाले दो युवकों को मुख्य आरोपी बनाया गया है। पुलिस के अनुसार, आरोपियों की पहचान रांची के रातू रोड (खादगढ़ा) निवासी किशन सोनी और चुटिया थाना क्षेत्र के कमरू टोली निवासी आशिष ठाकुर के रूप में हुई है। मैनेजर ने दावा किया है कि इन्हीं दोनों ने योजनाबद्ध तरीके से इस बड़ी चोरी को अंजाम दिया है।
आरोपियों की तलाश में रांची पहुंची पुलिस
मामला दर्ज होने के बाद मंगलवार को कोवाली पुलिस एक्शन मोड में नजर आई। पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों के मोबाइल नंबर ट्रैक किए हैं और उनसे संपर्क साधने की कोशिश की जा रही है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए रांची में उनके संभावित ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है। पुलिस सूत्रों का कहना है कि दोनों आरोपियों को थाने तलब किया गया है और जल्द ही इस मामले का पूर्ण उद्भेदन कर लिया जाएगा।
इलाके में सुरक्षा पर सवाल
रेलवे स्टेशन जैसे व्यस्त इलाके के पास स्थित फाइनेंस कंपनी में हुई इस चोरी ने स्थानीय व्यवसायियों की चिंता बढ़ा दी है। फिलहाल, पुलिस कंपनी के सीसीटीवी फुटेज और अन्य कर्मियों से पूछताछ कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि इस वारदात में किसी अंदरूनी व्यक्ति का हाथ तो नहीं है।