Jharkhand News : चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) कार्य में लगे अधिकारियों का तबादला आयोग की पूर्व अनुमति के बिना नहीं किया जा सकता। आयोग ने इस संबंध में राज्यों को सख्त निर्देश जारी किए हैं।
बिना अनुमति तबादले पर जताई आपत्ति
चुनाव आयोग ने कहा कि SIR प्रक्रिया से जुड़े अधिकारी आयोग के अधीन प्रतिनियुक्ति पर कार्य कर रहे हैं। ऐसे में बिना पूर्व अनुमति उनके तबादले का आदेश आयोग के निर्देशों का उल्लंघन माना जाएगा। आयोग ने कुछ अधिकारियों के तबादले पर आपत्ति जताते हुए संबंधित आदेश वापस लेने को कहा है।
निष्पक्ष चुनाव प्रक्रिया बनाए रखने पर जोर
आयोग का कहना है कि चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता और पारदर्शिता बनाए रखने के लिए प्रशासनिक अधिकारियों की तैनाती और तबादलों पर विशेष निगरानी जरूरी है। इसी कारण SIR कार्य में लगे अधिकारियों के तबादले को आयोग की मंजूरी से जोड़ा गया है।
जानकारी के अनुसार जनप्रतिनिधित्व अधिनियम के तहत चुनाव कार्य में लगे अधिकारी चुनाव आयोग के नियंत्रण और अनुशासन के अधीन माने जाते हैं। इसी आधार पर आयोग को ऐसे अधिकारियों के तबादले और पदस्थापन को लेकर विशेष अधिकार प्राप्त हैं।