Giridih News : गिरिडीह जिले के डुमरी थाना क्षेत्र अंतर्गत अंबाडीह गांव निवासी तुलसी महतो के 26 वर्षीय पुत्र राकेश महतो अब स्वस्थ होकर अपने घर लौट आए हैं। राकेश 23 फरवरी को अबू धाबी में एक इमारत की छत से गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए थे। हादसे के बाद वह करीब 45 दिनों तक कोमा में रहे। लंबे इलाज और मेडिकल देखरेख के बाद अब उनकी घर वापसी हो सकी है।
राकेश के घर पहुंचते ही परिवार और गांव में खुशी का माहौल है। घटना के बाद उनकी पत्नी रीना देवी, 10 महीने की बेटी रिया कुमारी, पिता तुलसी महतो और माता केसिया देवी लगातार चिंता में थे। अब उनके स्वस्थ लौटने से परिवार ने राहत की सांस ली है।
सामाजिक कार्यकर्ताओं के प्रयास से संभव हुई वापसी
राकेश महतो की भारत वापसी में प्रवासी हितों के लिए काम करने वाले सामाजिक कार्यकर्ता सिकंदर अली और अभिभावक एकता मंच के अध्यक्ष रामेश्वर महतो ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
बताया गया कि उनके हस्तक्षेप के बाद प्रशासन और भारतीय दूतावास सक्रिय हुआ। केईसी कंपनी के समन्वय और मेडिकल क्लीयरेंस की प्रक्रिया पूरी होने के बाद राकेश को सुरक्षित भारत वापस लाया गया।
“प्रवासी मजदूरों की सुरक्षा के लिए मजबूत नीति जरूरी”
सामाजिक कार्यकर्ता सिकंदर अली ने कहा कि रोजी-रोटी की तलाश में विदेश जाने वाले मजदूर अक्सर कठिन और असुरक्षित परिस्थितियों में काम करते हैं। उन्होंने कहा कि ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सरकार को प्रवासी श्रमिकों की सुरक्षा, बीमा और कानूनी अधिकारों को लेकर और मजबूत नीति बनानी चाहिए।
उन्होंने कहा कि प्रवासी मजदूरों के लिए आपातकालीन सहायता और त्वरित सरकारी हस्तक्षेप की व्यवस्था को और प्रभावी बनाने की जरूरत है, ताकि संकट के समय श्रमिकों और उनके परिवारों को समय पर मदद मिल सके।