Ranchi: राजधानी रांची के सोनाहातू थाना क्षेत्र में रविवार को हुई तेज बारिश और आकाशीय बिजली ने एक वनकर्मी की जान ले ली। खूंटी वन प्रमंडल में कार्यरत फॉरेस्ट गार्ड रोशन श्रीवास्तव की वज्रपात की चपेट में आने से मौत हो गई, जबकि उनके साथ मौजूद दो अन्य वनकर्मी घायल हो गए। घटना के बाद पूरे वन विभाग और क्षेत्र में शोक का माहौल है। जानकारी के अनुसार वन विभाग की टीम काला महादेव इलाके में हाथियों की गतिविधियों पर नजर रखने और मानव-हाथी संघर्ष को कम करने के उद्देश्य से बनाए जा रहे वॉच टावर का निरीक्षण करने पहुंची थी। निरीक्षण के दौरान अचानक मौसम ने करवट ली और तेज बारिश के साथ बिजली गिर गई। इसी दौरान रोशन श्रीवास्तव समेत तीन वनकर्मी इसकी चपेट में आ गए।
अस्पताल ले जाया गया, लेकिन नहीं बच सकी जान
हादसे के तुरंत बाद स्थानीय लोगों और विभागीय कर्मियों की मदद से तीनों घायलों को सोनाहातू सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद रोशन श्रीवास्तव की हालत गंभीर देखते हुए उन्हें रांची स्थित रिम्स रेफर किया गया, जहां इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया। वहीं, घायल दोनों वनकर्मियों का उपचार जारी है और चिकित्सकों के अनुसार उनकी हालत फिलहाल स्थिर है। रोशन श्रीवास्तव बुंडू नगर के रहने वाले थे और बुंडू वन कार्यालय में फॉरेस्ट गार्ड के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे थे। करीब तीन वर्ष पहले उनका विवाह हुआ था। परिवार में पत्नी, दो वर्ष की एक बेटी और बुजुर्ग माता-पिता हैं। वह अपने माता-पिता के इकलौते पुत्र थे। उनकी असामयिक मौत से परिवार गहरे सदमे में है।
वन विभाग और जनप्रतिनिधियों ने जताया शोक
घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग के अधिकारी, कर्मचारी और स्थानीय जनप्रतिनिधि शोक संतप्त परिवार से मिलने पहुंचे। सभी ने रोशन श्रीवास्तव के निधन पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए परिजनों के प्रति संवेदना प्रकट की। अधिकारियों ने कहा कि ड्यूटी के दौरान हुई यह घटना बेहद दुखद है। यह हादसा एक बार फिर मानसून के दौरान वज्रपात के बढ़ते खतरे की याद दिलाता है। विशेषज्ञ लगातार खराब मौसम में खुले स्थानों और ऊंचे इलाकों से दूर रहने की सलाह देते हैं। वन विभाग भी अब इस घटना के बाद अपने फील्ड स्टाफ की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करने की तैयारी में जुट गया है।