Ayodhya Ram Mandir: उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय के अयोध्या दौरे को लेकर नया राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया है. कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि राम मंदिर दर्शन और तथ्यों की जानकारी जुटाने पहुंचे अजय राय को पुलिस ने होटल से बाहर नहीं निकलने दिया. पार्टी ने इसे लोकतांत्रिक अधिकारों का उल्लंघन बताते हुए सरकार पर गंभीर सवाल उठाए हैं.
राम मंदिर दौरे के लिए पहुंचा था प्रतिनिधिमंडल
कांग्रेस के अनुसार, अजय राय सोमवार को नौ सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल के साथ अयोध्या पहुंचे थे. मंगलवार को सभी सदस्यों का रामलला के दर्शन करने के साथ मंदिर से जुड़े कथित चढ़ावा चोरी के मामले की जानकारी जुटाने का कार्यक्रम तय था. पार्टी का दावा है कि अयोध्या स्थित होटल पद्मश्री पैलेस में ठहरने के दौरान पुलिस प्रशासन ने अजय राय को बाहर जाने की अनुमति नहीं दी.
प्रतिनिधिमंडल में सांसद तनुजा पुनिया, किशोरी लाल शर्मा, राकेश राठौर, उज्ज्वल रमण सिंह और विधायक वीरेंद्र चौधरी समेत अन्य नेता शामिल होने वाले थे. कांग्रेस का कहना है कि पूरे दौरे का उद्देश्य विभिन्न पक्षों से बातचीत कर तथ्य एकत्र करना था.
रिपोर्ट राहुल गांधी को सौंपने की थी तैयारी
पार्टी नेताओं के मुताबिक प्रतिनिधिमंडल की योजना राम मंदिर दर्शन के बाद साधु-संतों, स्थानीय नागरिकों, प्रशासनिक अधिकारियों और अन्य संबंधित लोगों से मुलाकात कर पूरे मामले की जानकारी लेने की थी. इन बातचीत के आधार पर एक विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर उसे राहुल गांधी को सौंपा जाना था. कांग्रेस का कहना है कि इस विषय को संसद के आगामी मानसून सत्र में भी उठाया जा सकता है.
कांग्रेस ने लगाए गंभीर आरोप, प्रतिक्रिया का इंतजार
कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि सरकार विपक्ष की आवाज दबाने का प्रयास कर रही है और आस्था से जुड़े मामलों में पारदर्शिता सुनिश्चित नहीं की जा रही है। वहीं अजय राय ने दावा किया कि भारतीय जनता पार्टी भगवान राम के नाम पर राजनीति कर रही है और सवालों से बचना चाहती है। समाचार लिखे जाने तक प्रशासन या संबंधित सरकारी पक्ष की ओर से इन आरोपों पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है.