Modi Cabinet Expansion: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव बीएल संतोष और पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के बीच गुरुवार को हुई अहम बैठक के बाद केंद्र सरकार और भाजपा संगठन में बड़े बदलाव की चर्चाएं तेज हो गई हैं. करीब तीन घंटे चली इस बैठक के बाद राजनीतिक गलियारों में नए राष्ट्रीय पदाधिकारियों की घोषणा और मोदी कैबिनेट के संभावित विस्तार को लेकर कयास लगाए जा रहे हैं. हालांकि, बैठक में क्या फैसला हुआ, इसकी कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है.
संगठन और सरकार दोनों में बदलाव की चर्चा
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक बैठक में भाजपा की नई राष्ट्रीय टीम के गठन समेत संगठनात्मक मुद्दों पर मंथन हुआ. माना जा रहा है कि संसद के मानसून सत्र से पहले पार्टी और सरकार दोनों स्तर पर कुछ अहम फैसले लिए जा सकते हैं. हालांकि, भाजपा की ओर से अभी तक इन अटकलों की पुष्टि नहीं की गई है.
कई नेताओं के नाम चर्चा में, आधिकारिक घोषणा का इंतजार
राजनीतिक चर्चाओं के बीच केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी का नाम भी सामने आ रहा है. रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है कि उन्हें सरकार में अतिरिक्त जिम्मेदारी दी जा सकती है. वहीं केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को लेकर भी अलग-अलग तरह की अटकलें हैं. कुछ रिपोर्ट्स में उन्हें संगठन में नई भूमिका मिलने की संभावना जताई गई है, जबकि इस संबंध में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं हुआ है. मीडिया रिपोर्ट्स में यह भी कहा जा रहा है कि मानसून सत्र, जो 18 जुलाई से शुरू होने की संभावना है, उससे पहले कोई महत्वपूर्ण घोषणा हो सकती है.
नए चेहरों और संभावित फेरबदल पर नजर
राजनीतिक हलकों में यह भी चर्चा है कि इस बार केंद्रीय मंत्रिपरिषद में कुछ नए चेहरों को जगह मिल सकती है. मीडिया रिपोर्ट्स में पूर्व RBI गवर्नर शक्तिकांत दास का नाम संभावित उम्मीदवारों में शामिल बताया जा रहा है. वहीं वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण को नई जिम्मेदारी मिलने की अटकलें भी लगाई जा रही हैं. इसके अलावा कुछ रिपोर्ट्स में आम आदमी पार्टी से अलग हो चुके राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा के भाजपा के साथ जुड़ने और नई भूमिका मिलने के दावे किए जा रहे हैं, लेकिन इसकी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है.
दूसरी ओर, केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी और रवनीत सिंह बिट्टू को लेकर भी संभावित फेरबदल की चर्चाएं हैं. राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि पंजाब विधानसभा चुनाव को देखते हुए भाजपा संगठन में भी नई जिम्मेदारियां तय कर सकती है. हालांकि, समाचार लिखे जाने तक केंद्र सरकार या भाजपा की ओर से कैबिनेट विस्तार अथवा संगठनात्मक बदलाव को लेकर कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है.