West Singhbhum News: मोबाइल और सोशल मीडिया का अनियंत्रित उपयोग एक बार फिर नाबालिगों के भटकाव का कारण बना। पश्चिमी सिंहभूम के मनोहरपुर रेलवे स्टेशन पर रविवार शाम रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने घर से भाग रहे एक नाबालिग प्रेमी युगल को सुरक्षित हिरासत में लिया। दोनों इंस्टाग्राम के जरिए एक-दूसरे के संपर्क में आए थे और ओडिशा के संबलपुर जाकर नई जिंदगी शुरू करने की योजना बना रहे थे।
स्टेशन पर गश्त के दौरान खुला मामला
आरपीएफ प्रभारी रविंद्र कुमार पांडेय के नेतृत्व में प्लेटफॉर्म संख्या-1 पर नियमित गश्त के दौरान टीम की नजर संदिग्ध अवस्था में बैठे किशोर-किशोरी पर पड़ी। पूछताछ में दोनों ने खुद को मनोहरपुर और गोईलकेरा थाना क्षेत्र का निवासी बताया। जांच में दोनों के नाबालिग होने की पुष्टि हुई।
सोशल मीडिया से शुरू हुई प्रेम कहानी
पूछताछ में दोनों ने बताया कि कुछ महीने पहले इंस्टाग्राम पर उनकी दोस्ती हुई थी। बाद में मनोहरपुर के साप्ताहिक बाजार में पहली मुलाकात हुई, जो धीरे-धीरे प्रेम संबंध में बदल गई। दोनों ने परिवार को बिना बताए घर छोड़ दिया और संबलपुर जाकर साथ रहने का फैसला किया था। इसी उद्देश्य से वे सामान लेकर स्टेशन पहुंचे थे।
परिजनों को सौंपी गई नाबालिग लड़की
मामले की गंभीरता को देखते हुए आरपीएफ ने दोनों को संरक्षण में लेकर उनके परिजनों को सूचना दी। सोमवार को चाइल्ड लाइन और जिला बाल संरक्षण पदाधिकारी की मौजूदगी में कानूनी प्रक्रिया पूरी की गई। इसके बाद नाबालिग लड़की को उसके परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया, जबकि नाबालिग लड़के को काउंसलिंग और आगे की कार्रवाई के लिए चाइल्ड लाइन भेजा गया।
अभिभावकों को सतर्क रहने की सलाह
आरपीएफ प्रभारी रविंद्र कुमार पांडेय ने कहा कि सोशल मीडिया के प्रभाव में आकर नाबालिग बच्चे जल्दबाजी में गलत फैसले ले रहे हैं। उन्होंने अभिभावकों से बच्चों की मोबाइल और सोशल मीडिया गतिविधियों पर नजर रखने तथा उनसे नियमित संवाद बनाए रखने की अपील की। स्थानीय शिक्षाविदों और बुद्धिजीवियों ने भी स्कूलों और परिवारों में सुरक्षित इंटरनेट उपयोग को लेकर जागरूकता अभियान चलाने की जरूरत बताई।