Jharkhand National Stakeholders Consultation: नेशनल स्टेकहोल्डर्स कंसल्टेशन 2026 के दूसरे दिन झारखंड सरकार ने तकनीक और निवेश के क्षेत्र में बड़े सहयोग की संभावनाओं पर चर्चा की. मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन बिजनेस टू गवर्नमेंट बैठक में शामिल हुए, जहां प्रमुख तकनीकी कंपनियों के प्रतिनिधियों ने राज्य के विकास मॉडल और प्रशासनिक बदलावों पर अपने विचार रखे.
बैठक में कंपनियों ने डिजिटल गवर्नेंस, आधुनिक तकनीक और निवेश के जरिए झारखंड के साथ मिलकर काम करने की इच्छा जताई. सरकार का फोकस तकनीक आधारित विकास, बेहतर प्रशासन और रोजगार के नए अवसर तैयार करने पर है.
गूगल इंडिया ने सरकार की कार्यशैली को बताया सकारात्मक
गूगल इंडिया के हेड, गवर्नमेंट अफेयर्स एंड पब्लिक पॉलिसी, राजेश रंजन ने बैठक में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के विजन की सराहना की. उन्होंने कहा कि झारखंड सरकार की कार्यशैली में गति और प्रतिबद्धता दिखाई दे रही है.
राजेश रंजन ने कहा कि राज्य में नीतिगत स्तर पर हो रहे बदलाव और विकास परियोजनाओं को आगे बढ़ाने की रफ्तार निवेशकों के लिए सकारात्मक संकेत है. इससे झारखंड को लेकर निजी क्षेत्र का भरोसा मजबूत हो सकता है.
AI और क्लाउड टेक्नोलॉजी पर जोर
आईबीएम इंडिया के सीनियर एडवाइजर तल्लीन कुमार ने कहा कि झारखंड में डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन और सुशासन के क्षेत्र में व्यापक संभावनाएं हैं. उन्होंने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, क्लाउड कंप्यूटिंग और क्वांटम टेक्नोलॉजी का उपयोग राज्य के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है.
उनके अनुसार, इन तकनीकों के जरिए सरकारी सेवाओं को तेज, पारदर्शी और प्रभावी बनाया जा सकता है. स्वास्थ्य, शिक्षा, उद्योग, प्रशासन और नागरिक सेवाओं में डिजिटल समाधान लागू करने की संभावना भी है.
सरकार के साथ काम करने को तैयार आईबीएम
आईबीएम के सीनियर एडवाइजर ने कहा कि कंपनी झारखंड सरकार के साथ मिलकर आधुनिक तकनीक आधारित परियोजनाओं पर काम करने के लिए तैयार है. कंपनी डिजिटल गवर्नेंस, तकनीकी क्षमता निर्माण और नवाचार से जुड़े क्षेत्रों में सहयोग कर सकती है.
बैठक में तकनीकी कंपनियों की भागीदारी को झारखंड के लिए सकारात्मक संकेत माना जा रहा है. सरकार का लक्ष्य निवेशकों के भरोसे को मजबूत करते हुए राज्य को तकनीक, उद्योग और रोजगार के नए केंद्र के रूप में विकसित करना है.