Jharkhand High Court: बोकारो के दुग्धा थाना क्षेत्र से वर्ष 2023 में लापता हुए रितेश कुमार साव के मामले में झारखंड हाईकोर्ट ने जांच की रफ्तार बढ़ाने का निर्देश दिया है. कोर्ट ने राज्य सरकार से अगली सुनवाई तक मामले में हुई प्रगति का विस्तृत शपथपत्र दाखिल करने को कहा है.
मामले की सुनवाई न्यायमूर्ति रंगन मुखोपाध्याय की अदालत में हुई. हाईकोर्ट के पिछले आदेश के अनुपालन में केस के अनुसंधानकर्ता अदालत में उपस्थित हुए और जांच की अब तक की स्थिति से अवगत कराया.
इंस्टाग्राम अकाउंट की जांच में क्या मिला
जांच अधिकारी ने अदालत को बताया कि रितेश कुमार साव के इंस्टाग्राम अकाउंट की जानकारी जुटाई गई थी. उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार, अकाउंट 29 जुलाई 2025 तक सक्रिय था. हालांकि, युवक के लापता होने के बाद अकाउंट से किसी तरह की गतिविधि दर्ज नहीं होने की बात जांच अधिकारी ने कोर्ट को बताई. पुलिस ने यह भी कहा कि युवक की तलाश में सभी संभावित बिंदुओं पर जांच की गई, लेकिन अब तक कोई ठोस सुराग नहीं मिला है.
जांच तेज करने का दिया भरोसा
आईओ ने हाईकोर्ट को भरोसा दिलाया कि अब इस मामले में जांच और तेजी से की जाएगी. इसके बाद अदालत ने पुलिस को जांच में तेजी लाने का निर्देश दिया.
कोर्ट ने राज्य सरकार को अगली सुनवाई तक जांच की प्रगति से जुड़ा विस्तृत शपथपत्र दाखिल करने का आदेश दिया है. साथ ही जांच अधिकारी को फिलहाल व्यक्तिगत रूप से अदालत में उपस्थित होने से छूट दे दी गई है.
27 अगस्त को होगी अगली सुनवाई
हाईकोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 27 अगस्त की तारीख तय की है. इस दौरान राज्य सरकार को बताना होगा कि रितेश कुमार साव की तलाश और मामले के अनुसंधान में क्या प्रगति हुई है.
21 जून 2023 को घर से निकले थे रितेश
रितेश कुमार साव 21 जून 2023 की शाम घर से निकले थे, लेकिन फिर घर नहीं लौटे. इसके बाद उनके पिता संतोष साव ने दुग्धा थाना में गुमशुदगी और लापता होने से संबंधित प्राथमिकी दर्ज कराई थी. तीन साल बीतने के बाद भी रितेश का कोई पता नहीं चल सका है. अब हाईकोर्ट के निर्देश के बाद मामले की जांच पर फिर से नजर टिकी है.