Bokaro News : बोकारो स्टील प्लांट (बीएसएल) के मृतक कर्मी सुभाष चंद्र मोदी के आश्रित को नौकरी देने की मांग को लेकर चल रहा आंदोलन अब राजनीतिक रूप लेता जा रहा है। आंदोलन के नौवें दिन धनबाद से भाजपा सांसद ढुल्लू महतो धरनास्थल पहुंचे और परिजनों से मुलाकात कर उन्हें अपना समर्थन दिया। इस दौरान उन्होंने बीएसएल प्रबंधन पर मजदूर विरोधी रवैया अपनाने का आरोप लगाया।
नौ दिनों से आंदोलन जारी, चार दिनों से भूख हड़ताल पर बैठा परिवार
बीएसएल के एसएमएस-2 विभाग में कार्यरत सुभाष चंद्र मोदी की मौत के बाद उनके आश्रित को नियोजन देने की मांग को लेकर परिजन प्रशासनिक भवन के समीप टू-टेन गार्डन में पिछले नौ दिनों से धरना दे रहे हैं। मृतक की पत्नी पिछले चार दिनों से भूख हड़ताल पर हैं, जबकि परिवार के अन्य सदस्य भी आंदोलन पर डटे हुए हैं। वहीं, सुभाष चंद्र मोदी का शव अब भी बोकारो जनरल अस्पताल की मर्चरी में रखा हुआ है। परिजनों का आरोप है कि बीएसएल प्रबंधन नियोजन देने से इनकार कर रहा है।
ढुल्लू महतो ने ट्रेड यूनियनों से एकजुट होने की अपील
धरनास्थल पर पहुंचे भाजपा सांसद ढुल्लू महतो ने कहा कि बीएसएल प्रबंधन मनमाने नियम बनाकर मजदूरों के अधिकारों का हनन कर रहा है। उन्होंने कहा कि कानून संसद और विधानसभा में बनते हैं, किसी संस्थान को ऐसे नियम बनाने का अधिकार नहीं है जिससे कर्मचारियों के अधिकार प्रभावित हों।
सांसद ने सभी ट्रेड यूनियनों से राजनीतिक मतभेद भुलाकर एकजुट होने और मृतक कर्मी के आश्रित को नियोजन दिलाने के लिए निर्णायक लड़ाई लड़ने का आह्वान किया। वहीं परिजनों ने स्पष्ट कहा है कि जब तक आश्रित को नौकरी नहीं मिलती, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। आंदोलन को जनप्रतिनिधियों का समर्थन मिलने के बाद अब सभी की नजर बीएसएल प्रबंधन के अगले कदम पर टिकी है।