Seraikela: सरायकेला जिले में स्वास्थ्य व्यवस्था को और बेहतर बनाने को लेकर उपायुक्त नितिश कुमार सिंह ने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। सोमवार को समाहरणालय सभागार में आयोजित बैठक में उपायुक्त ने स्पष्ट किया कि लोगों को बेहतर और समय पर इलाज उपलब्ध कराना जिला प्रशासन की प्राथमिकता है। स्वास्थ्य सेवाओं में किसी भी तरह की लापरवाही को स्वीकार नहीं किया जाएगा। बैठक में उप विकास आयुक्त रीना हांसदा, सिविल सर्जन डॉ. सरयू प्रसाद सिंह, सदर अस्पताल उपाधीक्षक डॉ. नकुल चौधरी सहित सभी प्रखंड चिकित्सा पदाधिकारी (एमओआईसी), डीपीएमयू और बीपीएमयू के पदाधिकारी मौजूद थे।
हर जरूरतमंद तक पहुंचे स्वास्थ्य योजनाओं का लाभ
उपायुक्त ने स्वास्थ्य विभाग की योजनाओं की समीक्षा करते हुए निर्देश दिया कि आयुष्मान भारत योजना के तहत अधिक से अधिक पात्र लोगों का कार्ड बनाया जाए, ताकि जरूरतमंद मरीजों को कैशलेस इलाज की सुविधा मिल सके। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य योजनाओं की जानकारी लोगों तक पहुंचाना जरूरी है, ताकि कोई भी पात्र व्यक्ति सरकारी सुविधाओं से वंचित न रहे। इसके लिए योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार करने का निर्देश दिया गया। ग्रामीण और दूरदराज क्षेत्रों के मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराने के लिए टेलीमेडिसिन सेवा को प्रभावी बनाने पर भी जोर दिया गया।
मलेरिया नियंत्रण को लेकर विशेष सतर्कता के निर्देश
बैठक में मलेरिया नियंत्रण की भी समीक्षा की गई। उपायुक्त ने पीवीटीजी बहुल और संवेदनशील क्षेत्रों में नियमित रूप से मास सर्वे कराने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि चिन्हित मरीजों का तत्काल प्रोटोकॉल के अनुसार इलाज सुनिश्चित किया जाए। साथ ही मच्छर नियंत्रण के लिए कीटनाशक छिड़काव, साफ-सफाई और जलजमाव रोकने को लेकर जागरूकता अभियान चलाने को कहा गया।
स्वास्थ्य केंद्रों में व्यवस्था सुधारने पर जोर
उपायुक्त ने सभी डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों को निर्धारित रोस्टर के अनुसार समय पर उपस्थित रहने और बायोमेट्रिक हाजिरी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने स्वास्थ्य केंद्रों में एक्सपायरी दवाओं की नियमित जांच, दवाओं के सुरक्षित भंडारण, साफ-सफाई, मरीजों के बैठने की व्यवस्था और बिजली-पानी जैसी मूलभूत सुविधाओं को दुरुस्त रखने को कहा।
बैठक के दौरान जून माह की कार्य प्रगति की समीक्षा की गई। इस दौरान शून्य कंसल्टेशन करने वाले दो डॉक्टरों का वेतन तत्काल रोकने का निर्देश दिया गया। वहीं, लक्ष्य के अनुरूप कार्य नहीं करने वाले डॉक्टरों और सामुदायिक स्वास्थ्य पदाधिकारियों (CHO) को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए। दूसरी ओर, बेहतर प्रदर्शन करने वाले चिकित्सकों और CHO को उपायुक्त ने मोमेंटो देकर सम्मानित किया और उनके कार्यों की सराहना की।
15 अगस्त को उत्कृष्ट स्वास्थ्यकर्मियों का होगा सम्मान
उपायुक्त ने बताया कि आगामी 15 अगस्त को जिला स्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह में प्रत्येक प्रखंड से एक उत्कृष्ट स्वास्थ्यकर्मी को सम्मानित किया जाएगा। इसमें डॉक्टर, एएनएम, जीएनएम या सहिया शामिल होंगे, जिन्होंने स्वास्थ्य क्षेत्र में बेहतर योगदान दिया है। उन्होंने सभी स्वास्थ्य कर्मियों से अपील की कि वे पूरी संवेदनशीलता और जिम्मेदारी के साथ काम करें, ताकि जिले की स्वास्थ्य सेवाएं और मजबूत हो सकें।