MGM Hospital Negligence: जमशेदपुर के भुइयांडीह लकड़ीटाल निवासी मनीष शर्मा ने एमजीएम अस्पताल प्रबंधन और होमगार्ड जवानों पर गंभीर आरोप लगाए हैं. उनका कहना है कि उनकी गर्भवती भांजी का इलाज ठीक ढंग से नहीं किया गया और शिकायत करने पर उनके साथ मारपीट की गई.
मनीष शर्मा के अनुसार, कुछ दिन पहले उन्होंने अपनी गर्भवती भांजी को प्रसव के लिए एमजीएम अस्पताल में भर्ती कराया था. उनका आरोप है कि सामान्य प्रसव की संभावना होने के बावजूद डॉक्टरों ने सी-सेक्शन (ऑपरेशन) कर दिया.
उन्होंने बताया कि ऑपरेशन के कुछ दिनों बाद टांके वाली जगह पर सूजन आ गई और घाव में संक्रमण हो गया. इसके बाद उनकी भांजी को दोबारा इलाज के लिए एमजीएम अस्पताल में भर्ती कराया गया.
मनीष का आरोप है कि भर्ती रहने के दौरान डॉक्टरों ने मरीज की नियमित जांच नहीं की और न ही परिजनों की शिकायतों पर ध्यान दिया. उनका कहना है कि कई बार डॉक्टरों से मिलने और बात करने की कोशिश की गई, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई.
आरोप है कि शनिवार को जब मनीष शर्मा अस्पताल के वेटिंग हॉल में बैठे थे, तभी कुछ होमगार्ड जवान वहां पहुंचे और उन्हें वहां से हटने को कहा. विरोध करने पर जवानों ने उनके साथ धक्का-मुक्की की और लाठी से मारपीट की. मनीष शर्मा ने यह भी आरोप लगाया कि उनकी भांजी के पति के साथ भी मारपीट की गई. जब उन्होंने मारपीट का कारण पूछा तो कोई जवाब नहीं दिया गया.
परिजनों का आरोप है कि इस दौरान अस्पताल में मौजूद एक महिला परिजन के साथ भी अभद्र व्यवहार किया गया. उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है. फिलहाल, इस मामले में एमजीएम अस्पताल प्रबंधन या पुलिस की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है. आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी.