दूरदराज से पहुंचे लोगों को हुई परेशानी
अधिवक्ताओं के न्यायिक कार्य से अलग रहने के कारण जमीन विवाद, दाखिल खारिज, रजिस्ट्री और अन्य सिविल मामलों की सुनवाई नहीं हो सकी. ग्रामीण इलाकों से अपने मामलों की सुनवाई के लिए पहुंचे कई लोग बिना काम कराए ही वापस लौट गए, क्योंकि उन्हें कानूनी सहायता नहीं मिल सकी.
नोटिस वापस लेने की मांग पर अड़ा बार एसोसिएशन
बार एसोसिएशन का कहना है कि 35 अधिवक्ताओं को भेजे गए नोटिस के विरोध में यह फैसला लिया गया है. आपात बैठक के बाद 4, 5 और 6 अगस्त तक एग्जीक्यूटिव साइड के सभी कार्यों का बहिष्कार करने का निर्णय लिया गया. एसोसिएशन ने स्पष्ट किया है कि जब तक नोटिस वापस नहीं लिए जाते और उनकी मांगों पर कार्रवाई नहीं होती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा.
6 अगस्त को होगी अगली समीक्षा बैठक
आरडीबीए की एडहॉक कमेटी के वरिष्ठ सदस्य संजय विद्रोही के अनुसार फिलहाल अधिवक्ता कार्यपालक मामलों से जुड़े सभी कार्यों से दूर रहेंगे. 6 अगस्त को दोपहर 1:30 बजे समीक्षा बैठक बुलाई गई है, जिसमें आंदोलन की अगली रणनीति तय की जाएगी. चेहल्लूम के अवकाश के कारण सिविल कोर्ट परिसर में भीड़ अपेक्षाकृत कम रही, लेकिन संबंधित प्रशासनिक कार्यालयों का कामकाज प्रभावित रहा. अभी तक इस मामले में प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है.