Deoghar Crime : झारखंड के देवघर जिले में अपराधियों के बुलंद हौसलों की एक सनसनीखेज तस्वीर सामने आई है. जसीडीह थाना क्षेत्र में शनिवार सुबह बेखौफ बदमाशों ने खुद को इनकम टैक्स (IT) और जीएसटी (GST) विभाग का अधिकारी बताकर एक बड़े राइस मिल कारोबारी का अपहरण कर लिया. इसके बाद हमलावर व्यापारी से 40 लाख 50 हजार रुपये नकद लूटकर फरार हो गए.
वंदे भारत पकड़ने जसीडीह स्टेशन जा रहे थे कारोबारी
जानकारी के अनुसार, पीड़ित श्याम सर्राफ उर्फ विक्की बिहार के बांका जिले के रहने वाले हैं और श्याम राइस मिल के संचालक हैं. शनिवार सुबह लगभग 9 बजे वह 40.50 लाख रुपये की बड़ी नकदी लेकर कोलकाता जाने के लिए निकले थे. उन्हें जसीडीह जंक्शन से वंदे भारत एक्सप्रेस पकड़नी थी. सुबह करीब 10 बजे जैसे ही वह दर्दमारा बॉर्डर के पास पहुंचे, एक स्कॉर्पियो ने उनकी बाइक को जबरन ओवरटेक कर रोक लिया.
धौंस जमाकर गाड़ी में बिठाया, सुनसान जगह ले जाकर की मारपीट
स्कॉर्पियो सवार पांच अपराधियों में से दो ने खुद को आयकर और जीएसटी विभाग का बड़ा अफसर बताया. उन्होंने टैक्स चोरी की जांच का रौब दिखाते हुए कारोबारी को जबरन अपनी गाड़ी में बिठा लिया और उनके साथी को वापस भेज दिया. इसके बाद बदमाश पीड़ित को टाभाघाट के एक सुनसान इलाके में ले गए, जहाँ उनके साथ जमकर मारपीट की गई और पैसों से भरा बैग छीन लिया गया.
बिहार के जंगल में फेंककर मौके से भागे बदमाश
लूट को अंजाम देने के बाद अपराधी पीड़ित को गाड़ी में बिठाकर बिहार सीमा की तरफ भाग निकले. बदमाशों ने जमुई जिले के चंद्रमंडीह थाना क्षेत्र स्थित चिहराढ़ाड़ी जंगल के करीब व्यापारी को बदहवास हालत में सड़क किनारे फेंक दिया. होश में आते ही पीड़ित ने 112 डायल कर बिहार पुलिस को घटना की जानकारी दी.
बिहार-झारखंड पुलिस की संयुक्त जांच शुरू, मुखबिरी का संदेह
सूचना मिलते ही चंद्रमंडीह पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची. चूंकि अपहरण की शुरुआत जसीडीह से हुई थी, इसलिए बिहार पुलिस पीड़ित को लेकर जसीडीह पहुंची और देवघर पुलिस को पूरी वारदात से अवगत कराया. झाझा एसडीपीओ राजेश कुमार और जसीडीह पुलिस ने संयुक्त रूप से घटनास्थल का निरीक्षण किया है. पुलिस इलाके के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और इस बिंदु पर भी जांच केंद्रित है कि अपराधियों को इतनी बड़ी रकम ले जाने की सटीक जानकारी किस मुखबिर ने दी थी.