Chandil: टाटा-रांची मुख्य मार्ग NH-33 से चांडिल-पुरुलिया-धनबाद न्यू बायपास NH-18 को जोड़ने वाली सड़क परियोजना के तहत पितकी फाटक पर बन रहा स्टील गार्डर रेल ओवरब्रिज (ROB) अब तक शुरू नहीं हो सका है. वर्ष 2019 से चल रहे इस निर्माण कार्य में देरी का असर सीधे आम लोगों की आवाजाही पर पड़ रहा है. पितकी रेलवे फाटक बंद होने के दौरान सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग रही है. स्थानीय लोगों के अनुसार, कई बार जाम कई किलोमीटर तक पहुंच जाता है और लोगों को घंटों इंतजार करना पड़ता है.
फाटक बंद होते ही कई किलोमीटर तक लगती है कतार
पितकी रेलवे फाटक पर ट्रेनों की लगातार आवाजाही के कारण दिनभर कई बार फाटक बंद होता है. फाटक बंद होते ही रावताड़ा से चांडिल-भालूकोचा की ओर वाहनों की लंबी कतार लगने की बात सामने आई है. वहीं दूसरी दिशा में नीमडीह के लुपुंगडीह तक भी वाहनों का दबाव बढ़ जाता है. फाटक खुलने के बाद भी दोनों तरफ जमा वाहनों को निकलने में समय लगता है. इसी बीच दूसरी ट्रेन आने पर दोबारा फाटक बंद हो जाता है और जाम की स्थिति बन जाती है.
हजारों वाहनों की आवाजाही, एंबुलेंस और स्कूल वाहन भी फंसते हैं
स्थानीय लोगों के मुताबिक पितकी फाटक से रोज बड़ी संख्या में छोटे-बड़े वाहन गुजरते हैं. इनमें ट्रक, ट्रेलर, बस, स्कूल वाहन, एंबुलेंस, ऑटो और दोपहिया वाहन शामिल हैं. जाम का असर केवल आम वाहन चालकों तक सीमित नहीं है. स्कूल जाने वाले बच्चों और मरीजों को लेकर चलने वाली एंबुलेंस के भी जाम में फंसने की शिकायत सामने आई है.
चार बार बढ़ चुकी है ओवरब्रिज की समय सीमा
पितकी फाटक पर बन रहे ओवरब्रिज को शुरू करने के लिए पहले 31 मार्च 2026 की समय सीमा तय की गई थी. काम पूरा नहीं होने के बाद इसकी डेडलाइन 15 जून, फिर 31 जुलाई और उसके बाद अगस्त के पहले सप्ताह तक बढ़ाई गई. इसके बावजूद ओवरब्रिज का संचालन शुरू नहीं हो पाया है. निर्माण से जुड़े लोगों की ओर से लगातार बारिश को काम प्रभावित होने की वजह बताया जा रहा है. उनका कहना है कि यदि कुछ दिनों तक बारिश नहीं हुई तो बचे हुए काम को पूरा किया जा सकता है.
वहीं स्थानीय लोगों का आरोप है कि परियोजना में शुरुआत से ही काम की गति धीमी रही है. हालांकि, निर्माण कार्य में देरी के इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है.
दोनों तरफ लॉन्चिंग का काम पूरा होने का दावा
पितकी फाटक के JC-56 पर बन रहे स्टील गार्डर ROB के दोनों ओर लॉन्चिंग का काम पूरा होने की जानकारी दी गई है. निर्माण कार्य NHAI और Dinesh Chandra R. Agarwal Infracon Pvt Ltd से जुड़ा है. स्थानीय लोगों को उम्मीद थी कि ओवरब्रिज का एक हिस्सा निर्धारित समय के भीतर चालू हो जाएगा, जिससे रेलवे फाटक पर निर्भरता कम होगी. लेकिन समय सीमा बढ़ने के बावजूद इंतजार जारी है.
संजय सेठ की समीक्षा के बाद भी काम पूरा नहीं
रांची सांसद और केंद्रीय रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ की ओर से रेलवे और NHAI अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक किए जाने की जानकारी सामने आई थी. बैठक में जुलाई के अंत तक ओवरब्रिज शुरू करने को लेकर निर्देश दिए जाने की बात कही गई थी. इसके बावजूद काम पूरा नहीं होने से स्थानीय लोगों में नाराजगी है. लोगों का कहना है कि बारिश के दौरान भी निर्माण कार्य को वैकल्पिक व्यवस्था के साथ जारी रखा जाना चाहिए, ताकि परियोजना में और देरी न हो.
अब लोगों का सीधा सवाल, कब मिलेगी जाम से राहत?
पितकी रेलवे फाटक पर रोजाना बनने वाली जाम की स्थिति को लेकर ईचागढ़ क्षेत्र के लोगों में आक्रोश बढ़ रहा है. स्थानीय लोगों का कहना है कि ओवरब्रिज का निर्माण पूरा होने के बाद ही इस समस्या का स्थायी समाधान संभव है. अब लोगों का सवाल है कि कई बार समय सीमा बढ़ने के बाद पितकी ओवरब्रिज आखिर कब चालू होगा और उन्हें रोज के जाम से स्थायी राहत कब मिलेगी.