Ranchi: राजधानी में अपराध और कानून-व्यवस्था की स्थिति को लेकर रांची पुलिस ने अपनी निगरानी और कार्रवाई तेज करने का फैसला किया है. रविवार को एसएसपी राकेश रंजन ने पुलिस अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर सुरक्षा व्यवस्था की स्थिति पर चर्चा की. बैठक में एसएसपी ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि शहर में कानून-व्यवस्था बनाए रखने और अपराध पर नियंत्रण को लेकर किसी तरह की ढिलाई नहीं होनी चाहिए.
सोशल मीडिया पर पुलिस की नजर
बैठक में सोशल मीडिया गतिविधियों की निगरानी को लेकर भी विशेष निर्देश दिए गए. पुलिस की टीम फेसबुक, व्हाट्सएप, एक्स और इंस्टाग्राम जैसे प्लेटफॉर्म पर लगातार नजर रख रही है. एसएसपी ने कहा कि किसी व्यक्ति या समूह की ओर से भड़काऊ, सांप्रदायिक, आपत्तिजनक या बिना पुष्टि की जानकारी साझा किए जाने पर कार्रवाई की जाएगी. फर्जी खबर या किसी अपुष्ट संदेश को आगे बढ़ाने वालों की भी पहचान कर उन्हें कानूनी कार्रवाई के दायरे में लाने का निर्देश दिया गया है.
रात में बढ़ेगी वाहनों की जांच
सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए सभी थाना प्रभारियों को अपने-अपने इलाकों में गश्त बढ़ाने को कहा गया है. खासकर रात के समय संदिग्ध वाहनों और लोगों की जांच तेज करने का निर्देश दिया गया है. पुलिस का उद्देश्य किसी संभावित आपराधिक घटना को पहले ही रोकना है.
अपराधी गिरोह और नशा कारोबार पर कार्रवाई
एसएसपी ने शहर में सक्रिय आपराधिक गिरोहों के साथ-साथ नशीले पदार्थों के कारोबार में शामिल लोगों और असामाजिक तत्वों के खिलाफ अभियान चलाने को कहा. पुलिस अधिकारियों को ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि शहर में आपराधिक गतिविधियों पर अंकुश लगाया जा सके.
शिकायतों पर तुरंत कार्रवाई का निर्देश
बैठक में आम लोगों की शिकायतों को भी गंभीरता से लेने पर जोर दिया गया. पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि शिकायत मिलने के बाद तत्काल संज्ञान लिया जाए और मामले की निष्पक्ष जांच की जाए.
अफवाहों से बचने की अपील
रांची पुलिस ने लोगों से सोशल मीडिया पर आने वाली किसी भी जानकारी को बिना पुष्टि किए आगे नहीं भेजने की अपील की है. पुलिस ने नागरिकों से कहा है कि वे अफवाहों पर भरोसा न करें और सोशल मीडिया का जिम्मेदारी के साथ इस्तेमाल करें. वहीं, यदि कोई व्यक्ति शहर की शांति और कानून-व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश करता है, तो इसकी सूचना तत्काल नजदीकी थाना या पुलिस कंट्रोल रूम को देने की अपील की गई है.