Jharkhand Civil Service Exam: झारखंड में नियुक्ति परीक्षाओं में कथित गड़बड़ी की जांच का दायरा बढ़ने के साथ कई पुरानी नियुक्तियां भी जांच के घेरे में आ गई हैं. राज्य सरकार ने वर्ष 2014 से हुई नियुक्तियों में संभावित अनियमितता की जांच के लिए 17 परीक्षाओं को जांच के दायरे में रखा है. इनमें JPSC-6 सिविल सेवा परीक्षा भी शामिल है. इसी परीक्षा के जरिए JPSC की पूर्व सदस्य अनिमा हांसदा की बेटी क्रिस्टीना और भाजपा नेता बाबूलाल मरांडी के करीबी रिश्तेदार अमित किस्कू का चयन राज्य प्रशासनिक सेवा के पद पर हुआ था.
नियुक्ति परीक्षाओं में कथित गड़बड़ी को लेकर चल रही CID जांच में सामने आए तथ्यों के बाद सरकार ने पहले 22 परीक्षाओं को रद्द करने का फैसला लिया था.
इसके अलावा 6 नियुक्ति प्रक्रियाओं को स्थगित किया गया था. इसके बाद मुख्यमंत्री की घोषणा के अनुसार वर्ष 2014 से हुई नियुक्तियों में भी संभावित अनियमितता की जांच कराने का निर्णय लिया गया. इस संबंध में जारी सरकारी आदेश 6-लो0से0आ0-01-07/का-5406 के तहत 17 परीक्षाओं को जांच के दायरे में शामिल किया गया है.
JPSC-6 के चयन पर भी होगी पड़ताल
जांच के दायरे में शामिल परीक्षाओं में JPSC-6 भी है. इस परीक्षा से राज्य प्रशासनिक सेवा के पद पर क्रिस्टीना और अमित किस्कू का चयन हुआ था. अब जांच के दौरान JPSC-6 की परीक्षा और उससे जुड़ी नियुक्ति प्रक्रिया की भी पड़ताल की जाएगी. इसमें यह देखा जाएगा कि परीक्षा से लेकर चयन और नियुक्ति तक सभी प्रक्रियाएं निर्धारित नियमों के तहत हुई थीं या नहीं. हालांकि, किसी नियुक्ति का जांच के दायरे में होना अपने आप में किसी व्यक्ति के खिलाफ गड़बड़ी साबित नहीं करता. जांच के निष्कर्ष के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी.