Diamond League Final: श्रीलंका के 23 वर्षीय जैवलिन थ्रोअर रुमेश थरंगा पथिरागे ने डायमंड लीग फाइनल जीतकर इतिहास रच दिया है. वह इस प्रतिष्ठित खिताब को जीतने वाले पहले श्रीलंकाई खिलाड़ी बन गए हैं. किंग बॉडौइन स्टेडियम में रुमेश की शुरुआत उम्मीद के मुताबिक नहीं रही. उनके पहले दो थ्रो 80.42 और 79.73 मीटर के रहे. लेकिन तीसरे प्रयास में उन्होंने 89.04 मीटर भाला फेंककर मुकाबले का रुख पलट दिया.
पोलैंड के डेविड वेगनर ने 87.47 मीटर का अपना पर्सनल बेस्ट थ्रो किया और दूसरे स्थान पर रहे. त्रिनिदाद और टोबैगो के पूर्व ओलंपिक चैंपियन केशॉर्न वालकॉट 83.99 मीटर के साथ तीसरे स्थान पर रहे, जबकि एंडरसन पीटर्स 83.70 मीटर के साथ चौथे स्थान पर रहे.
इस सीजन में रुमेश का रहा दबदबा
डायमंड लीग फाइनल तक पहुंचने से पहले भी रुमेश शानदार फॉर्म में थे. उन्होंने इस सीजन की पांच डायमंड लीग मीट में चार खिताब जीते और एक में दूसरे स्थान पर रहे. रोम में उन्होंने 92.62 मीटर का वर्ल्ड लीड थ्रो किया था. इस प्रदर्शन ने उन्हें दुनिया के नंबर-1 जैवलिन थ्रोअर के तौर पर स्थापित किया. डायमंड लीग फाइनल का 89.04 मीटर थ्रो इस प्रतियोगिता के इतिहास में तीसरा सबसे लंबा थ्रो भी रहा.
जीत के बाद बोले:- यह गर्व का पल
खिताब जीतने के बाद रुमेश ने कहा कि वह डायमंड लीग फाइनल जीतने वाले पहले श्रीलंकाई हैं और इस उपलब्धि पर उन्हें बेहद गर्व है. उन्होंने माना कि मुश्किल परिस्थितियों के बावजूद वह 89.04 मीटर से बेहतर प्रदर्शन कर सकते थे. रुमेश ने आने वाले वर्षों में मीटिंग रिकॉर्ड तोड़ने की कोशिश करने की बात भी कही.
नीरज चोपड़ा इस फाइनल में मौजूद नहीं थे. रुमेश की यह जीत 2026 के शानदार सीजन का एक और बड़ा पड़ाव है और अब उनकी नजर आने वाली बड़ी प्रतियोगिताओं पर रहेगी.