Smack Syndicate Busted:स्मैक तस्करी का नेटवर्क अब सीमांचल के दिल में उतर चुका है। यह सफेद जहर अब सिर्फ नशा नहीं, बल्कि पूरे समाज के लिए धीमा ज़हर बनता जा रहा है। इसका गोल्डन रूट बांग्लादेश से शुरू होता है, जो पश्चिम बंगाल के मालदा जिले के कालीया चौक से होते हुए सीधे बिहार के सीमांचल कटिहार, पूर्णिया, अररिया और किशनगंज तक फैल चुका है।
कटिहार पुलिस को इस काले कारोबार के खिलाफ एक बड़ी सफलता मिली है। बीती रात सहायक और प्राणपुर थाना क्षेत्रों में की गई छापेमारी में करीब 1 किलो स्मैक बरामद की गई है । जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब 15 लाख रुपये बताई गई है। इसकी कार्रवाई के दौरान चार तस्करों को गिरफ्तार किया गया है जिसमें प्रणव कुमार, अबूजर शेख, फैयाज शेख और छोटू पासवान शामिल है।
पुलिस सूत्रों से पता चला हैं कि हाल के महीनों में जितनी भी बड़ी खेपें बरामद की गई हैं, उनका सीधा लिंक मालदा के कालीया चौक से रहा है, जो अब बांग्लादेशी तस्करों के लिए एक सुरक्षित प्रवेश बिंदु बन गया है। इस गिरफ्तारी को सिर्फ एक ऑपरेशन ही नहीं, बल्कि एक अंतरराष्ट्रीय ड्रग सिंडिकेट के भंडाफोड़ की शुरुआत कहा जा रहा है।
बांग्लादेश बॉर्डर से लेकर बंगाल और बिहार के सीमांचल तक पुलिस इस तस्करी के जाल की हर कड़ी को जोड़ने में जुटी है । अब सवाल ये है कि क्या इस संगठित नशा कारोबार को समय रहते रोका जा सकेगा? या सीमांचल इस सफेद जहर के शिकंजे में और गहराई तक डूबता चला जाएगा?