Ranchi : झारखंड के अपराध जगत का एक बड़ा नाम और कुख्यात अपराधी उत्तम यादव शुक्रवार को पुलिस मुठभेड़ में मारा गया। चतरा जिले के सिमरिया थाना क्षेत्र में हुई इस मुठभेड़ में चतरा पुलिस के साथ हजारीबाग पुलिस की टीम भी शामिल थी। लंबे समय से सक्रिय गैंगस्टर उत्तम यादव कई आपराधिक घटनाओं को अंजाम दे चुका था और पुलिस की सूची में सबसे वांछित अपराधियों में से एक माना जा रहा था।

गुप्त सूचना पर घेराबंदी
सूत्रों के अनुसार, पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि उत्तम यादव अपने गैंग के साथ सिमरिया इलाके में छिपा हुआ है। इसी सूचना के आधार पर चतरा और हजारीबाग पुलिस ने संयुक्त रूप से इलाके की घेराबंदी की। जैसे ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और उसे गिरफ्तार करने का प्रयास किया, उसी समय उत्तम यादव ने पुलिस पर गोलीबारी शुरू कर दी।
जवाबी कार्रवाई में मारा गया अपराधी
अचानक हुई गोलीबारी से पुलिसकर्मी सतर्क हो गए और तुरंत जवाबी कार्रवाई की। दोनों ओर से कुछ देर तक गोलियां चलीं। आखिरकार पुलिस की जवाबी फायरिंग में उत्तम यादव मौके पर ही ढेर हो गया। पुलिस ने घटनास्थल को सुरक्षित करते हुए अपराधी के शव को अपने कब्जे में लिया और उसे सदर अस्पताल चतरा पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
कई वारदातों में था शामिल
उत्तम यादव पर हत्या, रंगदारी, लूट और गोलीकांड जैसी गंभीर धाराओं में दर्जनों मामले दर्ज थे। हाल ही में उसने हजारीबाग की एक आभूषण दुकान पर अपने गुर्गों से फायरिंग करवाई थी और रंगदारी की मांग की थी। इसके अलावा चतरा और आसपास के जिलों में कई गोलीकांड को अंजाम देकर वह लगातार पुलिस को चुनौती दे रहा था।
गैंग पर लगा विराम
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि उत्तम यादव की मौत से उसके पूरे गैंग का खात्मा हो गया है। पिछले कुछ महीनों से उसका गैंग व्यापारी वर्ग में दहशत फैलाए हुए था और लगातार अवैध वसूली तथा आपराधिक घटनाओं में शामिल था। पुलिस अब इस मुठभेड़ के बाद गैंग से जुड़े अन्य लोगों की भी तलाश कर रही है।
पुलिस की बड़ी सफलता
चतरा पुलिस अधीक्षक सुमित अग्रवाल ने कहा कि यह मुठभेड़ पुलिस के लिए एक बड़ी सफलता है। लंबे समय से फरार और सक्रिय अपराधी को खत्म करने के बाद जिले के लोगों में राहत की भावना है। पुलिस ने स्थानीय लोगों को आश्वस्त किया है कि अपराध और अपराधियों के खिलाफ उनकी कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।