Patamda: पटमदा थाना क्षेत्र से सटे पश्चिम बंगाल के बांदोवान थाना अंतर्गत लतापाड़ा गांव में गुरुवार रात एक दर्दनाक घटना सामने आई। जहां एक ही परिवार की मां और तीन बेटियों की जहर खाने से मौत हो गई। घटना का खुलासा शुक्रवार को पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद हुआ।
मृतकों की के नाम
पुलिस ने बताया कि चारों मृतकों की पहचान पिया गोराई उम्र 30 वर्ष और उनकी तीन बेटियों बैशाखी गोराई उम्र 13 वर्ष, पल्लवी गोराई उम्र 10 वर्ष।और सौरवी गोराई उम्र 6 वर्ष के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक पिया के पति आनंद गोराई गुरुवार को सुबह जमशेदपुर के बिरसानगर में सब्जी बेचने आए थे। जब वह देर रात घर लौटे तो उन्होंने अपनी पत्नी और तीन बेटियों को बेहोशी की हालत में पाया।
डॉक्टरों ने घोषित किया मृत
आनंद गोराई ने पड़ोसियों की मदद से रात करीब 11 बजे सभी को बांदोवान सीएचसी अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मामले की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और पीड़ित परिवार से पूछताछ की। परिजनों ने बताया कि रात में परिवार ने भोजन में मूढ़ी और पकौड़ी खाई थी।
वहीं दूसरी ओर आनंद गोराई के बुजुर्ग पिता पिछले दो दिनों से बीमार थे और उन्होंने गुरुवार रात का खाना नहीं खाया था। परिजनों का कहना है कि पिता की बीमारी के कारण पत्नी पिया अक्सर मानसिक तनाव में रहती थी।
घटना से गांव में शौक की लहर
पुलिस ने शुक्रवार को चारों शवों का पोस्टमार्टम कराया और उसके बाद उन्हें परिजनों को सौंप दिया। जिसके बाद उनका अंतिम संस्कार परिजनों द्वारा कर दिया गया। इस घटना के बाद सिर्फ गांव में ही नहीं बल्कि पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई और गांव में मातम पसरा हुआ है। स्थानीय लोग इस बात को लेकर हैरान हैं कि आखिर मां ने बेटियों के साथ आत्महत्या जैसा कदम क्यों उठाया।
जहर खाने की आशंक
ग्रामीणों का कहना है कि परिवार में पति-पत्नी के बीच किसी तरह का विवाद नहीं था। हालांकि, यह आशंका जताई जा रही है कि पति के पिता की लगातार बीमारी और पारिवारिक तनाव के चलते पिया गोराई ने यह कदम उठाया हो सकता है।
पुलिस की जांच
फिलहाल पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और जहर खाने की वास्तविक वजह का पता लगाने के लिए फॉरेंसिक रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है।