Saraikela: सरायकेला-खरसावाँ जिले में राष्ट्रीय कुष्ठ उन्मूलन कार्यक्रम के तहत "लेप्रोसी केस डिटेक्शन कैंपेन-2025" के सफल क्रियान्वयन के लिए उपायुक्त नीतीश कुमार सिंह की अध्यक्षता में जिला स्तरीय समन्वय समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में उपायुक्त ने कहा कि कुष्ठ रोग का पूर्ण उन्मूलन जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसके लिए ग्राम एवं पंचायत स्तर तक सामुदायिक भागीदारी और विभागीय समन्वय आवश्यक है।
उपायुक्त ने निर्देश ने दिया निर्देश
उपायुक्त ने निर्देश दिया कि मरीजों की पहचान के लिए गठित टीमों को उचित प्रशिक्षण प्रदान किया जाए और सभी सहिया, सेविका, शिक्षक एवं ग्राम स्तरीय कर्मियों को कुष्ठ रोग के लक्षण, पहचान और उपचार से संबंधित आवश्यक जानकारी दी जाए। उन्होंने कहा कि ऐसे गांवों और टोलों में जहां अधिक संख्या में मरीज पाए जाते हैं, वहां विशेष शिविरों का आयोजन कर शत-प्रतिशत मरीजों का चिह्नीकरण सुनिश्चित किया जाए.
लेप्रोसी केस डिटेक्शन कैंपेन-2025 को पूर्ण सफलता
उपायुक्त ने कहा कि अभियान के सफल क्रियान्वयन के लिए विभिन्न जनसंचार माध्यमों के माध्यम से लोगों को कुष्ठ रोग के लक्षण, पहचान और उपचार की जानकारी दी जाए और मरीजों के प्रति संवेदनशील दृष्टिकोण अपनाया जाए। उन्होंने कहा कि सभी विभागों के समन्वित प्रयासों से जिले को कुष्ठ-मुक्त बनाने की दिशा में ठोस परिणाम सुनिश्चित किए जाएं और लेप्रोसी केस डिटेक्शन कैंपेन-2025 को पूर्ण सफलता दिलाई जाए।
उपस्थित लोग
बैठक में सिविल सर्जन डॉ. सरयू प्रसाद सिंह, अपर मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. जुुझार मांझी, जिला शिक्षा पदाधिकारी श्री कैलाश मिश्रा और अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे।