वर्दी की आड़ में अमानवीय कृत्य
वायरल वीडियो में, पुलिस की वर्दी जैसे परिधान पहने कुछ जवान एक युवक को लगातार लाठी-डंडों से पीटते नज़र आ रहे हैं। फुटेज में साफ देखा जा सकता है कि युवक बार-बार गिरता है और रहम की गुहार लगाता है, लेकिन वर्दीधारी उसे छोड़ने के बजाय बर्बरतापूर्वक प्रहार जारी रखते हैं। स्थानीय लोगों का दावा है कि अगर युवक किसी अपराध का आरोपी भी था, तो उसे कानूनी प्रक्रिया के तहत थाने ले जाया जाना चाहिए था। सड़क पर इस तरह की अमानवीय कार्रवाई कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े करती है। कई लोगों ने तो युवक के निर्दोष होने का दावा भी किया है, जिससे यह घटना और भी गंभीर हो गई है।
थाना प्रभारी ने नकारा, जांच की मांग
घटना के बाद उपजे जनाक्रोश के बीच, कदमा थाना प्रभारी ने स्पष्ट किया है कि उनकी ओर से ऐसी कोई कार्रवाई नहीं की गई है और न ही किसी युवक को गिरफ्तार किया गया है। थाना प्रभारी के इस बयान ने एक बड़ा प्रश्नचिह्न लगा दिया है: आखिर वायरल वीडियो में दिख रहे वर्दीधारी कौन हैं? क्या वे वास्तविक पुलिसकर्मी थे या किसी ने वर्दी का दुरुपयोग करके कानून-व्यवस्था को चुनौती दी है।
लोगों ने एसएसपी पीयूष पांडे से इस मामले का तत्काल संज्ञान लेने
लोगों ने एसएसपी पीयूष पांडे से इस मामले का तत्काल संज्ञान लेने और उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग की है। उनका कहना है कि निष्पक्ष जांच से ही सच्चाई सामने आएगी और दोषी लोगों पर सख्त कार्रवाई हो सकेगी। यह वायरल वीडियो फिलहाल पूरे शहर में चर्चा का मुख्य विषय बना हुआ है।